00:00आपके पास के अपडेट है, सीजेपी इस आंदूलन को लेकर कितनी सक्रिय है और क्या कुछ करने वाली आने वाले
00:05दिनों में?
00:32आने वाले समय में और यह उनके लिए अच्छा भी रहा है जो बाहर कितनी आई यह बात ही लेकिन
00:37उन्होंने एक अभी जो रन्नीती उनकी बन रही है वह बन रही है कैसे प्रेसर गुरूप की जो राजनेतिक रूप
00:44से उतना मतलब जिसे राजनेतिक में नहीं आएगा मतलब �
00:48लड़ेगा नेता नी बनेगा लेकिन वो जिस तरीके से किसान संग्ठन है उस तरीके से कि वह और चात्रों का
00:54संग्ठन बनके वह उनकी टैक्टिक प्रेसर गुरूप की बन रही जो किसी भी राज में हो कहीं भी हो वहां
01:00जो है जबाब देही के लिए सरकारी लोगों पर सर
01:05नेताओं पर प्रेसर बनाएगा और यहीं बजयती देखिए आप उसे अगर देखेंगे तो सबसे पहली बात हम सब सोच रहे
01:11थे और हम जब प्रोटेस्ट कबर कर रहे थे तो हम समझ रहे थे कि कितना जरूरी था यह प्रोटेस्ट
01:17और मैंने हमने जब आपने और केशब ज
01:20किसातियों ने जब लाइब किया था बारा मैं को तब कोई सीजेपी का प्रोटेस्ट नहीं हुआ था तब मैं उस
01:25समय उन 57 को जब गिरफ्तार करके हिरासत में लेके जाया रहा था तम मैंने कहा था और हम सब
01:30ने इसको एगरी किया था कि सड़क पर तो आना पड़ेगा कि ल
01:50पुलिस भरती परीक्षा लिक हुई थी, तमाम परीक्षा लिक हो रही है, लेकिन सही बात ये है मुकुन, कि बास्तम
01:56में अगर च्छात्र या युबा, सरकार पर सही से प्रेसर नहीं बनाएंगे, उनकी जवाब देहित नहीं करेंगे, तो धर्मिन प्रधान
02:03भी बैठे रहते
02:04ना, बैठे रहते हैं उस कुर्सी पे, और कोई जवाब देहिते हैं तो सीजे भी प्रोटेस्ट ने एक बात तो
02:08तैक की है, ये तैक की है कि अब आपको नेताओं को जवाब देहिते होगी, कुर्सी छोड़नी पड़ेगे, लेकिन अब
02:14मामला जो आ गया जहारकंड का वो ब
02:33जहां इस तरफ रहेंगी, जो सीजे पी के नेता हैं, आप उनसे बात करेंगे तो कैमरे पे अभी क्या कह
02:40पा रहा है, उतना सामने नहीं आ रहा हैं, लेकिन हां, उनका जो दिल है, जो बात मैं समझ पा
02:44रहा है, वो छात्रों के हित्ती करने की लग दिया, साइद राजनेतिक
02:47कई उलजने हैं उनके आगे, क्योंकि प्रोटेस्ट में इस तरीके से अमादमी पार्टी, कॉंग्रेस और तमाम विपक्षी दलों ने उनको
02:53एक तरीके से साहता किया, बोनी दलों के स्टेट में अगर इस तरह की चीज हो रही है, तो यह
02:59धर्म संकट तो उनके लिए है, ले
03:17इस ते बड़ा कोई कदम नहीं है, इन नेताओं के उल्जनों में इनके मत आईजे, अपनी फायदे और दाप के
03:22लिए आपको आपको अपना मोहरा बनाएंगे, आपका साथ लेंगे, आप जैसे तेस तर्दार हुआओं का समस्दार पड़े लिखावाओं का साथ
03:29देखे, �
03:37आपको आपको नेता माना है और आपको जार कंड में खुले आम उन छात्रों की मदद करनी चाहिए, ये लीप
03:44अप होती हम ये कर देंगे, हम वो कर देंगे, और ये क्यों नहीं कर दिया, ये चात्र यहां करके
03:48बैठ गए, जब सोनंग बांग चुक ने, फोन पर बात करी, �
03:51तब सरकार थोड़ी ही ली तब उसे लगा, ये तो वीडियो काला थे, ये तो उसकी बात मान रहे है,
03:56ये पुरा अंदोलन तो नहीं आगे, यानि कर समझ लीजे, का बास्तम में कितना डर है नेताओं में, उनका साथ
04:02देने के बाद जूत, तो मुझे लगता है, मैं कहतो नह
04:17बनने तो पड़ रहे है, बनाने तो पड़ रहे है, इसलिए मैं मानता हूँ, ये भी आंदोलन, जब हम T
04:23.J.P. के प्रोटेस्ट का तब भी मैं इस आंदोलन की बात कर रहा था और आप लोग भी कर
04:27रहे थे, कि बहां क्या होगा, यूपी में क्या होगा, लेक पाल क्या होग
04:43कि बास तब में, वो कितना कदम उठा, या ओहा पोह में राजनेतिक मुरा बन के रहे जाते हैं, बिल्कुल
04:52शेविन जी आपके पास फिर लोटेंगे, लेकिन केशव जी भी हमें समझाने के कोशिश कर रहे थे, केशव जार अब
04:58फैवब से भी हम समझी रहे थे, कि किस तरह
05:01कैसे cjp और जारखन का अंदोलन आपस में कैसी समानता रखता है, कितना अलग है, आप कैसे देख पार है,
05:06अगर तीन मिंदू में हम समझना चाहे, दोनों अंदोलन कैसे अलग है?
05:10नहीं, दोनों अंदोलन की जो डिमांड है और जो कॉंसेप्ट है, अवधारना के अस्तर प्रदोनों अंदोलन एक देश आई है,
05:17पलिक्षा में कडाचार के विरोध में, पेपर लिग के विरोध में दोनों ही अंदोलन शुरू हुआ था, यहां पर पॉलिटिकल
05:27डाइनाम
05:27मिक्स थोड़ा अलग है, जो हमारे सहयोगी है, साथिय शिवेंज जी, जो बात उन्होंने संकेतों में कहने की कोशिस की
05:33थी, मैं उसी को थोड़ा और असपस्ट कर दूँ, कि जब दिल्ली में के जंतर मंतर पर प्रोटेस्ट चल रहा
05:40था, तो इस्तिफा मांगा जा रहा था
05:43भरते जंता पार्टी सरकार के सिक्षा मंतरी से, और जब जब जारखंड में हो रहा है, तो उहां पर इस्तिफा
05:51मांगा जा रहा है, जारखंड के सिक्षा मंतरी, जो की इवेंच्वाली मुख्य मंतरी भी हैं उनसे, जब यहां पर इस्तिफा
06:00मांगा जा रहा था, तो CJP तो
06:16सवाजवादी पार्टी के लोग मंच पे आ रहे थे सीपी आई सीपी एम के लोग सीजेपी के प्रोटेस्ट में शामिल
06:22हो रहे
06:23और यहां तक कि कुछ छोटे मोटे कांग्रेस के प्रतिनिधी भी उसमें दिखे थे अब सवाल है कि यह सारे
06:30लोग धेमन सोरें
06:31का इस्तिफा तो नहीं मांग सकते हैं क्योंकि फिर यह सब वही बाहु बाजो की पार्टी है एक दूसरे के
06:39सहयोगी पार्टी है रास्त्री अस्तर पर जो गठवंधन बना हुआ है जो पॉलिटिकल ब्लॉक बना हुआ है एंडिय और इंडिय
06:45अलाइंस का उसमें यह सब लोग
07:00मिलता है एक अंतरी है दूसरा अंतर ही मैं बताता हूँ दिल्ली का जो जो अ so called में स्रीपी
07:08वीडिया है शुरवात में इसमें इतना इंट्रेस्टेट नहीं थी बलकर अलबता ये प्रोटेस्ट राची में हो रहा है उरभी है
07:19नहां पर देखिए बड़े-बडे
07:30अपना एक विकेट गवा चुकी है तो वो थोड़ा डिटैलियेट भी करेंगे लेकिन मैं कहता हूं कि जार्खंड की सरकार
07:39को वहां के मुख्यमंत्री खुद भी हुआ है अपेक्षाकृत तो उनको थोड़ी सी समवेदन सीलता दिखाना चाहिए थोड़ा सा प्रोएक्टिव
07:48चीजों को हैंडल करना चाहिए आउट ऑफ हैंड नहीं जाने देना चाहिए एक चीज वहां हम उम्मीद कर सकते हैं
07:57कि यह लंबा नहीं चले प्रोटेस्ट का अपना महत्तु है लोकतंत्र में अपनी बात रखने का सबसे अच्छा माध्यम इसी
08:07तरह के आंदोलन है जो नही
08:18ही बैठे रहे तो राष्ट निर्मान प्रभावित होता है और यह जो मांगे हैं इनकी कोई गैर वाजी या विलासिता
08:26सम्मंधी मांगे नहीं है इनकी मांगे चहाँ सीजेपी का प्रोटेस्ट हो दिल्ली में या फिर अभी जार्थंड का स्टुडेंट प्रोटेस्ट
08:33हो इ
08:45अगर वो एक्चन बड़ी-बड़ी मचलियों पर गिरती तो आज यह प्रोटेस्ट नहीं चल रहा होता तो सरकारों को सिर्फ
08:53दिखाने के लिए कारवाई नहीं करनी चाहिए सरकारों को काम करने के लिए भी काम करना चाहिए काम का कुछ
09:01अर्थ होता है उससे किसी उद्दे
09:04हो ऐसा काम करना चाहिए सरकारे अब ये इनफॉर्मेशन क्रांती के बाद का दौर है सूचनाएं इतनी तेजी से प्रसारित
09:16होती है एक छोड़ से दूसरी छोड़ तक पहुंचने में सेकेंड भर भी नहीं लगते हैं लोगों को सूचनाओं का
09:25अधिकार है चीजे समझते हैं
09:27युआ जागरित है उनको बहलाया नहीं जा सकता है जो देर सीजेपी के प्रोटेस्ट में केंडर सरकार ने किया हमारी
09:36उमीद है कि जारखंड में शायद वो देर नहीं हो लेकिन जहां तक बात रही प्रोटेस्ट की एक रूपता की
09:44तो आउधार्मा के अस्तर पर वही है
09:46शिक्षा में पारधर्ष्टा नौकरियों में पारधर्ष्टा परिक्षा एक अब धार्मा के अस्तर पर वही है जात रहे है अहिंस्वै प्रेसर
10:06ग्रूप है दोनों जगह अलग अलग है
10:08यहाँ का जो प्रिसर ग्रूप था वो अलग है वहाँ का प्रिसर ग्रूप अलग है बलकुल केशशव जी कपरेज का
10:15फॉर्मिट था वो अलग है यहाँ वृबह भी हमारे साथ है वह आपसी समझेंगे दर्ट-शुको की सवाल लगाता है
10:23हिमन सुरेन सरकार क्या सचमुश द�
10:25प्रभाव में हैं धर्मेंद प्रधान के तरह क्या यहां भी यानि कि जहार खट में भी इस दान दोलों के
10:30बाद किसी स्थीफ़े की हम कर सकते हैं संभाव ना देखे दवाव में तो है निशित तोर पर हेमन सुरेन
10:36को अभी अभी सक्ता तो मिली नहीं है 2019 से लगता वो सक्ता म
10:40में उननीश से चौविस में उनके पास जो जन्ता के दौरा दिया गया बहुमत उनके गडबंधन को उससे बड़ा बहुमत
10:47थे ऑले छुनावे उनको
11:10पर हैं और दबाव का ही नतीजा है जैसे कि मैंने बताया था कि चार मंत्रियों का एक सम्मू बलाया
11:14गया है जो जाकर इनसे बात करेगा आपको ध्याँ रखना होगा देश में जैसे यह आपादी ज्यादा संख्या में है
11:22राज्यों में भी जहारखंड में भी युवाओं की �
11:25तादा काफी ज्यादा है 2024 के चुनाओ में हमने देखा था कि कैसे हेमन सुरे जेल से लोट कर आते
11:31हैं उनसे चुनाओ के दौरान कैसे युवाओं का उनके और आकरशनर दिखा था बड़ी संख्या में युवाओं ने जेमिंग कोड
11:36दिया था तभी सरकार बन पाई थी रि�
11:53लेकिन मुझे ऐसा नहीं लगता कि जारखन में कोई स्तीफा होगा क्योंकि दिल्ली वाला जंतरमंतर वाला जो आंदोलन था उस
12:00आंदोलन में आपको देखना पड़ेयत वो भीड क्या थी वहाँ पर वाम दे सकते हैं कि जारखन वाला आंदोलन चात्रों
12:07का ही आंदोलन है �
12:08पर्दे के पीछे से बीजेपी के लोग समर्थन दे रहे होंगे निश्यत तोर पर क्योंकि बीजेपी वहाँ पर विपक्ष का
12:14हिस्सा है लेकिन मैंने बीजेपी का जो छातर संगठन है अखिल भारती विद्यार्थी परशत उसके नेताओं को वहाँ पर बड़ी
12:35संख्या म
12:35बात चीत करेगी तो हो सकता है बात यहीं पर रुख जाए जैसा कि नरेन मोदी सरकार ने किया था
12:41लंबा खिच गया अंदोलन सोनम वांग्चुक ने अपना आमरन अंशन शुरू कर दिया तबियत खराब ही उसके बाद माहूल कैसे
12:47अचानक बनला था और फिर स्तीफे पर �
12:49जाकर ही आंदोलन रुका है तो कहीं ऐसा अगर जार्खन में होगा तो निश्यत तोड़ पर इस तीफे तक भी
12:55बात आ सकती है
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