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  • 14 hours ago
क्या ईरान ट्रंप की हत्या की एक बड़ी साजिश रच रहा? देखें ब्लैक एंड व्हाइट

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00:01नमस्कार मैं हूँ श्पेता सिंग और ब्लाक इन वाइट में आपका स्वागत है
00:05आज सबसे पहले हम आपको बताएंगे कि क्यूं दुनिया के सबसे ताकतवर शख्स की जान संकट में बताई जा रही
00:12है
00:12हम बात करने हैं अमेरिका की राष्ट्रपती डॉनल्ड ट्रम्प की
00:15उनकी जान पर इस वक्त सबसे बड़ा खत्रा मंडरा रहा है
00:19इरान के सुप्रीम लीडर अली खामनेई के जनाजे में उमड़ी लाखों की भीर ने ट्रम्प को खत्म करने की कसम
00:26खाई
00:26तहरान से लेकर मशहद बाकाइदा ट्रम्प की हत्या की कसमे खाई और खिलवाई जा रही है
00:33इसी बीच इस्रेली खुफिया एजनसी मुसाद ने अमेरिकी सी आईए को एक बेहत खतरनाक इनपुट दिया है
00:39जिसके अनुसार इरान डॉनल्ड ट्रम्प की हत्या की एक बहुत बड़ी और नई साज़िश रच रहा है
00:44इसके बाद आपको बताएंगे कि क्या समाजवादी पार्टी की सरकार के दौरान अयोध्या की हनुमान गढ़ी मंदिर के परिसर में
00:52नमाज हुई थी
00:53आज उत्तर प्रदेश की सियासत में ये सवाल जोर शोर से गुंज रहा है
00:58मुख्यमंत्री योगी आदेतनात के एक दावे ने 23 साल पुराने पन्नों को खोल कर रख दिया है
01:04जिसमें आरोप है कि साल 2003 में हनुमान गढ़ी की सीड़ियों पर नमाज पढ़वाई गई थी
01:11आज आपको एतिहासिक तस्वीरों और दस्तावेजों के जरिये बताएंगे कि आखर इस दावे का सच क्या है
01:19और क्या हमारे देश के पुरुष महलाओं की ना का मतलब समझते हैं
01:24इंडिया टुडे के ग्रोस डुमेस्टिक बेहेवियर सवे में जब यही सवाल देश की महलाओं के सामने रखा गया
01:30तो चौकाने वाले आकड़े सामने आए
01:32सवे के अनुसार करीब 25 प्रतिशत पुरुष अब भी ना सुनने के बाद महलाओं पर अपनी मर्जी थोपते हैं या
01:40नाराज हो जाते हैं
01:41आखिर में वो खबर जो हर माता पिता को देखनी चाहिए
01:44डराना, धमकाना, मजाक उडाना
01:47जिसे हम बच्चों की आपसी लड़ाई कहकर नजर अंदाज कर देते हैं
01:52वो क्लास रूम बुलींग आज हमारे बच्चों की जान ले रही है
01:57जैपूर का अमाईरा खुदकुशी केस इसका वो खौफनाक सच है
02:01जिसने स्कूल प्रशासन, टीचर्ज और पेरंस की समवेधन शीलता पर बहुत बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है
02:08अगर बच्चे की किसी बात को आप हलके में लेते हैं तो ये खबर आपको जरूर देखनी चाहिए
02:15लेकिन आज की सबसे बड़ी खबर दुनिया के सबसे ताकतवर व्यक्ति पर मंडराते खत्रे से जुड़ी है
02:21अमेरिकी राश्रपती को दुनिया का सबसे शक्तिशाली इनसान माना जाता है
02:26खबर है कि अमेरिकी राश्रपती डॉनल्ड ट्रम्प के असासिनेशन की एक बड़ी साज़िश चल रही है
02:31और इस साज़िश का सूत्रधार इरान है
02:34पिछले कुछ दिनों में बहुत सारी ऐसी घटनाएं हुई है
02:37जिसने डॉनल्ड ट्रम्प के दुश्मनों की संख्या 10-20 नहीं बलकी करूरों में कर दी है
02:44वैसे इस वक्त जो हालात हैं उसमें इरान पर डॉनल्ड ट्रम्प की हत्या की साज़िश के आरोप लगना हैरानी की
02:50बात नहीं है
02:50कल इरान के सुप्रीम लीडर अली खामनेई को इरानी शहर मशहद के इमाम रजा कॉम्पलिक्स में सुपूर्दे खाक किया गया
02:58सब को लग रहा था कि अली खामनेई के अंतिम क्रिया की सारी जम्मेदारिया मुझतबा खामनेई निभाएंगे
03:05और शायद वो पहली बार दुनिया के सामने आएंगे
03:09लेकिन अमेरिका और इस्रेल के हमलों के डर से ऐसा नहीं हुआ
03:12कल अली खामनेई के दूसरे बेटे सेद मुस्तफा खामनेई ने सारी जम्मेदारिया निभाएं
03:18अली खामनेई के संतिम क्रिया कारिकरम में लाखों की संख्या में लोग पहुँचे थे
03:23सबकी आँखों में अमेरिका और इस्रेल के प्रतिय घुसा था
03:28सबको पता है इरान वार के पहले ही दिन यानि 28 फरवरी को अमेरिका इस्रेल हमले में अली खामनेई मारे
03:35गए थे
03:35और इस बात का दर्द आज तक इरानियों के दिलों को सता रहा है
03:40इस दर्द को हाल ही में आए एक वीडियो ने जुआला मुखी में बदल दिया
03:44यह वीडियो उस जगे का था जहांपर हुए हमले में अली खामनेई मारे गए थे
03:48इस वीडियो में अमारत की हाल दिख रहा था
03:51वीडियो से लगा की हमला इतना भयानख रहा होगा कि लोगों के बचने की उमीद न के बराबर थी
03:57कल आंखों में आसू लिये इरान की लोगों ने अपने पूर्व सुप्रीम लीडर के अंतिम दर्शन किये
04:03और किवल आप ही नहीं अमेर्की राश्ट्रपती भी इस बात से हैरान होंगे
04:08कि अली खामिनेई के छे दिनों की अंतिम विदाई कारिकरम में 4 करोड 30 लाख लोग शामिल हुए थे
04:13इनमें 3 करोड 30 लाख लोग इरान के नागरिक थे और 1 करोड लोग इराक में उनकी अंतिम यात्रा में
04:20शामिल हुए थे
04:33अक्सियोस को दिये एक इंट्रव्यू में उन्होंने कहा कि उन्हें लगा था कि इरान के लोग हमेने इसे नफरत करते
04:38हैं
04:38इसी इंट्रव्यू में उन्होंने बाद में ये भी कहा कि हो सकता है कि इरान के लोगों के ये आंसु
04:43नकली हो
04:44लेकिन अब उन्हें एसास हो रहा होगा कि शायद ऐसा नहीं है
05:19कि शायद भीहा कि तौक।
06:03अपने धार्मिक नेता को खोने का दुख, घुस्से का चरम रूप था
06:07और ये घुस्सा अमेरिका और इस्रेल के नेताओं के उपर था
06:10मशहद ही नहीं, अली खामनेई के अंतिम यात्रा का कारवा जहां जहां पहुंचा
06:15वहां लोगोंने डेथ टू अमेरिका, डेथ टू इस्रेल के नारे लगाए
06:19कई पोस्टर्स में वी विल किल ट्रॉम्प या किल बीबी लिखा हुआ था
06:23बीबी इस्रेल के प्रधान मंतरी बेंजमिन नितन याहु का निकनेम है
06:26यानि इरान के लोग अपने धार्मिक नेता की मौत का बदला
06:30अमेरिका और इस्रेल के नेताओं की मौत से लेना चाहते हैं
06:53अबी कुछ दिन पहले अली खामने की अंतिम विदाई यात्रा के दोरान
06:56तहरान में इरान की आम जन्ता को डॉनल्ड ट्रॉम्प की हत्या करने के लिए बढ़काया जा रहा था
07:01ये एक तरह की शपत दिलाने जैसा था तहरान में इस्लामिक कविताएं लिखने वाले मौहमद रसूली ने
07:07लाखों लोगों की भीड से डॉनल्ड ट्रॉम्प की हत्या करने का आवान किया था
07:11सिर्फ यही नहीं डॉनल्ड ट्रॉम्प की हत्या की कस्में खाई और खिलवाई गई थी
07:33इरान पर हमला और अली खमेने की मौत इसने डॉनल्ड ट्रॉम्प को इरान का सबसे बड़ा दुश्मन बना दिया
07:40और ये बात डॉनल्ड ट्रॉम्प पहले ही कह चुके हैं अभी कल ही उन्होंने कहा कि इरान की हिट लिस्ट
07:46में सबसे पहला नाम उन्हीं का है
07:48हाले कि तब उन्होंने ये बात बहुत हलके फुल के अंदाज में कही थी
07:51लेकिन अब इस्रेल की खुफिया एजनसी ने अमेरिका को एक ऐसी साज़िश के बारे में बताया है जिसने डॉनल्ड ट्रॉम्प
07:58की नींद उड़ा दी होगी
08:01इस्रेल की मुसाद जिसे दुनिया की सबसे खतरनाक सीक्रिट एजनसी में से एक माना जाता है
08:07उसने अमेरिकी खुफिया एजनसी CIA को बताया है कि एरान डॉनल्ड ट्रॉम्प को मारने की एक नई साज़िश रच रहा
08:15है
08:15वो नए सिरे से डॉनल्ड ट्रॉम्प की हत्या के लिए योजनाय बना रहा है और लोग तयार कर रहा है
08:21मुसाद को हाल ही में अपने एजन्स के जरिये ये जानकारी मिली थी जिसे बिना देर किये उसने अमेरिका को
08:28दे दी
08:29अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार अगर इरान द्वारा डॉनल्ड ट्रॉम्प की हत्या की साज़िश रची जा रही है
08:34तो इससे सीज़ फायर और शांती प्रयासों को बड़ा जटका लग सकता है
08:38इस्रेल की ओर से मिली इस नई खुफिया जानकारी ने डॉनल्ड ट्रॉम्प को सतर्क कर दिया
08:43इरान में वैसे भी डॉनल्ड ट्रॉम्प को अब इसलाम के दुश्मन के तौर पर पेश किया जाता है
08:48जिसने उनके सबसे बड़े धर्म गुरू को मार दिया
08:51इसलिए इरान और इरान के लोगों से डॉनल्ड ट्रॉम्प को बड़ा खतरा पैदा हो गया है
08:58डॉनल्ड ट्रॉम्प वैसे भी इरान के पुराने दुश्मन है
09:00इसलिए इरान की हुकूमत खुले तौर पर कहती रही है
09:03कि वो डॉनल्ड ट्रॉम्प से बदला लेगी
09:06मावला केवल अली खामिनई को मारने का नहीं है
09:09डॉनल्ल ट्रॉम के पिछले कारिकाल में
09:11आयार जीसी के पूर्व जेनरल कासिम सुलिमानी को मारा गया था
09:15अली खामेने के बाद कासिम सुलिमानी एक ऐसा व्यक्ति था
09:19जो एरान में काफी लोग प्रिय था
09:22जनवरी 2020 में कासिम सुलिमानी को बगदाद में एक ड्रोन अटाक में मार दिया गया था
09:28और कासिम सुलिमानी को मारने का आदेश डॉनल्ड ट्रम्प नहीं दिया था
09:32कासिम सुलिमानी एरान की कुर्द्स फोर्स के चीफ थे
09:36जो चाहते थे कि बगदाद में सैन्य शासन हो
09:38जबकि अमेरिका वहाँ पर लोक तांत्रिक विवस्था बनाना चाहता था
09:42हाला कि दोनों ही आईसिस के खिलाफ लड़ रहे थे
09:45इस जंग के दौरान एक दिन अमेरिका ने कासिम सुलिमानी की
09:49कुद्स फोर्स पर आरोप लगाया कि वो एराक में अमेरिकी सेना
09:53और राजनाईकों पर हमले की योजना बना रही थी
09:56और इसी के बाद डौनल्ड ट्रम्प के आदेश पर कासिम सुलिमानी हंट शुरू हो गया
10:02जो तीन जनवरी 2020 को उनकी मौत के साथ खत्म हो गया
10:07यानि इरान के लोगों के दो सबसे चहीते लोगों की मौत की वज़े डौनल्ड ट्रम्प है
10:12और शायद इसी वज़े से डेथ टू अमेरिका और वी विल किल ट्रम्प जैसे नारे लगाये जाते हैं
10:18और ट्रम्प की हत्या करवाने से जुड़ी खूफिया जानकारियां आती है
10:56और शायद आती है
11:15ट्रम्प के खिलाफ इरानियों के गुस्से की एक वज़े
11:18अली खामनेई के अंतिम विदाई कारिकरम के दौरान हुए अमेरिकी हमले भी है
11:23अली खामनेई का अंतिम विदाई कारिकरम 3 जुलाई से शुरू हुआ था
11:27जो 9 जुलाई तक चला लेकिन इसके आखरी चरणों में अमेरिका ने इरान पर सीजफायर के बाद सबसे बड़े हमले
11:33कर दिये
11:347 और 8 जुलाई को 170 ठिकानों पर हमले किये गए थे
11:38माना जा रहा था कि 9 जुलाई को जब खामनेई के शव को सुपुर्दे खाक किया जाएगा
11:44तब शायद अमेरिका हमला न करे लेकिन इरान का दावा है कि अमेरिकी सेना ने इस दिन भी हमला किया
11:50दावा है कि अमेरिका और इस्रेल ने इरान के बुशहर, जोगादक, कुनारक और बंदर अब्बास में हमले किये
11:58इरानी मीडिया के अनुसार इन हमलों में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया था
12:03हाल कि अमेरिकी सेना ने किसी भी तरह के नए हमलों से इनकार किया है
12:08लेकिन वो एक बात साफ साफ कह रहे हैं कि स्ट्रेट ओफ हॉर्मूज पर इरान का नियंतरन नहीं है
12:14और वो करने की कोशिश भी न करे
12:16अभी हाल ही में एरानी मेडिया ने दावाद किया था कि स्ट्रेट ओफ हॉर्मूस से गुजरने की अनुमती उन्ही को
12:22है जो एरान के बताय रूट से जा रहे हैं
12:25लेकिन इसके जवाब में अमेरिकी सेना ने ट्टीट किया कि मय की शुरुआत से ही स्ट्रेट ओफ हॉर्मूज पर इरान
12:31का कोई नियंतरण नहीं बचा है।
12:33अमेरिकी सेना ने 800 से ज्यादा जहाजों को स्ट्रेट ओफ हॉर्मूज पार करने में मदद की है।
12:40फिलहाल इरान और अमेरिका के बीच विवाद की जड़ नूकलियर से हटकर स्ट्रेट ओफ हॉर्मूज पर आकर टिक गई है।
12:47इरान के लिए भी अब नूकलियर हतियार बनाने से ज्यादा जरूरी स्ट्रेट ओफ हॉर्मूज पर पूर्ण नियंतरन पाना है।
12:54क्योंकि इसके जर्ये वो टोल वसूली की अपनी मन्शा को पूरा कर सकता है और अमेरिका इसी से परिशान है।
12:59हालनकि कुछ रिपोर्ट्स में ये दावा किया जा रहा है कि 18 जुलाई को अमेरिका और इरान के बीच इसलामाबाद
13:07में शान्ती के लिए अगले दौर की बाचीत हो सकती है।
13:11लेकिन जिस तरह से डौनल्ड ट्रम्प की हत्या की साजिश से जुड़ी खबरे आई हैं उसने हालात को बिगाड़ दिया
13:17है।
13:19अब आपको प्रधान मंतरी नरेंद्र मोदी के न्यूजीलंड दौरे के बारे में हम बताएंगे।
13:24पूरे 40 साल के लंबे इनतजार के बार कोई भारतिय प्रधान मंतरी न्यूजीलंड की धरती पर पहुँचा है।
13:36जो न्यूजीलंड की कुल आबादी का 6 प्रतिशत है।
13:50आपको जानकर हैरानी होगी कि New Zealand की economy में इन भारतियों का योगदान 6 साल पहले 10 अरब डॉलर
13:57था जो आज 37 अरब डॉलर हो चुका है
14:00यानि 6 साल में करीब 4 गुना तरक्की इस बात को New Zealand भी समझता है और भारत भी है
14:07तमाम लोग New Zealand से सिर्फ cricket का connection समझते हैं लेकिन दिल्चस्प बात यह है कि भारत और New
14:12Zealand की बीच पहला मैच cricket का नहीं बल्कि हौकी का हुआ था
14:16ये मैच 1926 में हुआ था जिसे 100 साल पूरे हो रहे हैं
14:22PM Modi का ये पूरा दोरा एक बहुत ही solid planning के तहत हुआ
14:25अस्ट्रेलिया में तो उन्होंने defense, cyber security, uranium से जोड़े समझते किये
14:30New Zealand में वो भारतिये किसानों और खेती की बहतरी के लिए खास समझते करेंगे
14:37क्रिशी आधारित अर्थविवस्था है और उसकी तरक्षी में सबसे बड़ा योगदान खेती के सफल और आधूनिक तरीकों का है
14:45सोचिय भारत में खेत से निकल कर मंडियों तक पहुंचते-पहुंचते करीब 30 प्रतिशत फसल सड़ जाती है
14:52या बरबाद हो जाती है जिसका सीधा नुकसान किसान जहिलता है
14:56लेकिन न्यूजीलंड की तकनीक ऐसी है कि वहाँ ये नुकसान केवल 6 प्रतिशत है
15:02प्यमोदी न्यूजीलंड से वही जादूई कोल स्टोरेज, कल्टिवेशन तकनीक और फसल को बीमारी से बचानी की दवाई भारत लाने वाले
15:11हैं
15:12क्योंकि न्यूजीलंड कृशी मामलों में बहुत आगे माना जाता है
15:15भारत में श्वेत क्रांती के जनक और मिल्कमान ओफ इंडिया के नाम से मशूर डॉक्टर वरगीज कुरियन ने न्यूजीलंड से
15:23ही डेरी शिक्षा प्राप्त की थी
15:25उन्हें अमूल का आइडिया न्यूजीलंड से ही मिला था
15:29उन्होंने New Zealand के Community Dairy Model Fonterra से ही सीख कर दूद का सामराज्य खड़ा किया था
15:36New Zealand दूद, फल और Cash Crops का राजा है
15:40वहां की तक्नीक और तरीके भारत के किसानों के लिए बहुत फायदेमंद हो सकते हैं
15:45यानि प्रधान मंतरी मोदी का ये दौरा सीधे किसानों के हिट से जुड़ा है
15:49इस दौरान भारत ने बहुत स्मार्ट कूटनीती खेली है
15:53भारत ने पहले ही उस्ट्रेलिया से ट्रेड डील कर ली
15:55इसे देखकर न्यूजीलेंड को लगा कि भारत का बड़ा बाजार हाथ से निकल जाएगा
15:59इसके बाद पिछले साल न्यूजीलेंड के प्रधान मंतरी क्रिस्टोफर लक्सिन भारत आए
16:04फ्री ट्रेड अग्रीमेंट की प्रक्रिया शुरू की
16:07अब वहाँ चुनाओ होने वाले हैं तो लक्सिन चाहते हैं प्रधान मंतरी मोदी के साथ मिलकर इस डील को और
16:12बड़ा कर लिया जाए
16:13इसलिए प्रधान मंतरी मोदी के न्यूजीलेंड पहुचते ही उन्होंने 57 प्रतिशत एक्सपोर्ट पहले दिन से ही हो जाएंगे टारिफ फ्री
16:22करने का एलान कर दिया
16:25हाले कि इस पूरी कहानी का सबसे बड़ा विलन है चीन न्यूजीलेंड की आबादी है केवल 54 लाक जो भारत
16:32के एक बड़े शहर जितनी है
16:34और ये छोटा सा देश पूरी तरह से व्यापार के लिए चीन पर निर्भर हो गया जिससे दिखती होने लगी
16:42तब न्यूजीलेंड को समझाया कि एक पर निर्भर होना ठीक नहीं है और न्यूजीलेंड ने भारत का हाथ थामना भी
16:48जरूरी समझा
16:50प्रधान मंत्री मोदी के इस दौरे के जरिये भारत सिर्फ उस्ट्रेलिया और न्यूजीलेंड से ही हाथ नहीं मिला रहा
16:56बलकि इंडो पसिफिक रीजिन के उन 18 देशों को साथ लेकर चल रहा है जो चीन की दादागिरी से तंग
17:03आ चुके है इसलिए ये दौरा चीन को घेरने और हमारे किसानों की जेब भरने की रणनीती से जुड़ा हुआ
17:11है
17:40और न्यूजीलेंड जाने से पहले प्रधानबंत्री मोदी ऑस्ट्रेलिया के प्रधानबंत्री आन्थनी आल्बनीज के साथ एतिहासिक मेल्बर्न क्रिकेट ग्राउंड पर पहुंचे
17:48थे
17:48उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि मेलबर्न में होना हमेशा खास होता है और भारत उस्ट्रेलिया के क्रिकेट संबन्द बेहत
17:54गहरे हैं
17:55यहां बाद सिर्फ मुलाकातों की नहीं है बलकि PM मुदी ने इस दोरे एक क्रिकेट डिप्लोमसी का वो बड़ा छक्का
18:02भी जड़ा जिसकी गूंज बरसों तक सुनाई देगी
18:04आज जिस फटाफट क्रिकेट यानि T20 को देखकर पूरी दुनिया जूम उठती है उसकी कहानी बड़ी दिल्चस्प है
18:112003 में पहली बार इंग्लेंड के काउंटी क्रिकेट में 2020 का जन्म हुआ
18:16लेकिन इस फॉर्माट को असली ग्लैमर और लीग का रूप दिया उस्ट्रेलिया ने जब वहाँ
18:212006 में KFC 2020 बिग बैश शुरू हुआ
18:26सिफ छे राज्यों की छे टीमें और छे जन्मरी 2006 को पहला मैच खेला गया
18:31और देखते ही देखते ये टॉर्नमेंट सूपर हिट हो गया था
18:35फिर आया सितंबर 2007 का वो महीना जोहानसबर्ग में टीम इंडिया ने पाकिस्तान को हराकर पहला T20 विश्व कप जीत
18:44लिया
18:44इस मैच को दुनिया पर में चार करोड से ज्यादा लोगों ने टीवी पर देखा
18:48इस वर्ल्ड कप के दौरान ही BCCI ने इंडिन प्रीमियर लीग यानि IPL का एलान कर दिया
18:55क्रिकेट एक्सपर्स मानते हैं कि उस्ट्रेलिया का जो पुराना बिग बैश लीग था
19:00उसी से प्रेणा लेकर IPL का विशाल धाचा तैयार किया गया था
19:04और अब इतिहास का पहिया घूम कर वापस वहीं आ गया है
19:09जिस लीग से प्रेणा लेकर भारत ने IPL शुरू किया
19:13अज उसी बिग बैश लीग का ओपनिंग मैच भारत में होगा
19:16और इसके लिए चिन्नई के चिपॉक मैदान को चुना गया है
19:19हालिकि इस साल दिसंबर के महीने में चिन्नई के मैदान पर
19:24चौके छक्कूं की बरसात होने वाली है
19:25प्रदानमंत्री मोदी की इस मेलबन यात्रा ने खेल की बिसात पर एक ऐसा मोहरा चला है
19:30जिसने क्रिकेट और कूट मीती दोनों को साथ ला दिया है
20:27अब आपको बताएंगे कि क्या आज से
20:2923 साल पहले समाजवादी पार्टी की सरकार में अयोध्या के हनुमान गड़ी परिसर में रोजा इफ्तार और नमाज हुई
20:36ये सवाल उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदितनात के आरुकों के बाद खड़ा हुआ
20:41बीजेपी नेता और उत्तर प्रदेश के डीजीपी रहे ब्रजलाल ने यहां तक कहा कि 2003 में समाजवादी पार्टी के करीबी
20:48पुलिस अधिकारी ने
20:49हनुमान गड़ी की छट पर नमाज पढ़ाने की कोशिश की थी आज आपको इसका पूरा सच तस्मीरों के साथ बताएंगे
20:56और ये भी बताएंगे कि ये पहली बार नहीं है जब योगी आदितनात इस मुद्दे पर खुल कर बोले हैं
21:01जिस वक्त हनुमान गड़ी में रोजा इफ्तार की कोशिश हुई उस वक्त योगी आदितनात गोरकपूर से सांसत थे और उन्होंने
21:08इसका पुरजोर विरोध किया था यहां तक कि उन्होंने हनुमान गड़ी में इसके विरोध में रैली भी की थी लेकिन
21:15सवाल ये है कि आ
21:31कभी मुस्लिम तुष्टिकरण के आरोग जेलने वाली समाजवादी पार्टी अब जो सनातन है वही समाजवाद है के नारे लगा रही
21:39है
21:39इसके जवाब में योगी आदितनात ने पलटवार करते हुए इतिहास का पन्ना खोल दिया
21:45उन्होंने वर्तमान के दावों को 2003 के हनुमानगड़ी इफ्तार विवाद के आईने में खड़ा कर समाजवादी पार्टी को बेनकाब करने
21:53की कोशिश किये
21:54और कहा कि इन लोगोंने हनुमानगड़ी की सीडियों पर नमाज पढ़वाने का पाप किया था
21:59जो ये लोग आस्ता की बात करते हैं याद करो ना इन्होंने तो हमारी पवित्र हनुमान गड़ी में इन्होंने तो
22:11वहाँ नमाज भी पढ़वाने का काम किया था
22:14आप सोचो आप सोचो कल पना करिये क्या कोई जामा मस्जिद में कभी हनुमान चालिसा का पार्ट कर पाएगा क्या
22:34क्या सरकारे करवा पाएंगी क्या समाजवादी पार्टियर कॉंग्रेस करवा पाएगी अगर नहीं करा पाएगी तो ये पाप क्यों करवाया गया
22:47था
22:54आज हम इतिहास को खंगालते हुए नारूपों का पूरा सच आपको बताएंगे
22:59इस पूरी कहानी को समझने के लिए हम आपको फ्लेश बैक में लेकर चलते हैं
23:03कूरा घटनक्रम साल 2003 का है जब मायवती की सरकार गिरने के बाद 29 अगस 2003 को मुलायम सिंग यादव
23:11उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बन गए
23:13इससे ठीक एक हफते पहले 22 अगस 2003 को आकेलोजिकल सर्वे ओफ इंडिया ने अपनी रिपोर्ट इलहाबाद हाई कोट को
23:21सौप दी थी
23:22जिसमें बताया गया कि विवादिक धाचे के नीचे बारवी सदी के प्राचीन मंदर के अवशेश और स्तंभ मौजूद थे
23:29उस समय उत्तर प्रदेश खास कर अयोध्या में राम मंदर को लेकर माहौल पूरी तरह गर्माया हुआ था
23:35इस दौरान विश्व हिंदू परिशद ने अयोध्या में 17 अक्तूबर को संकल्प दिवस और कार सिवा का बड़ा अहवान किया
23:42था
23:43जिसकी वज़े से अयोध्या में माहौल तनाव पूर्ण था
23:47सरकार के सामने कानून विवस्था को संभालने के साथ अपने कोर वोटर को भी भरूसा दिलाने की चुनोती थी
23:53यहीं से शुरुआत हुई एक सौफ्ट काउंटर की जिसके मुख्य केंद्र बने हनुवान गढ़ी के ततकालीन महंत ज्यानदास
24:03उस समय वो हनुवान गढ़ी के सबसे ताकतवर संतों में से एक थे
24:07और विश्म हिंदू परिशन की उग्र हिंदुत्व की राजनीती के धुर विरोधी थे
24:11महंत ग्यानदास मुलायम सिंग्यादव के बेहत करी भी माने जाते थे
24:15पिछले साल का उनका बयान भी चर्चाओं में रहा था
24:19जब उन्होंने कहा था कि दुनिया में मुलायम सिंग्से अच्छा नेता कोई नहीं
24:232003 में महंत ग्यानदास की उदारवादी छवी और उनके रसूप का इस्तमाल करके
24:28अयोध्या का माहौल शांत करने और वीएच्पी के आंदोलन को कुंद करने के लिए योजना बनाई गए
24:34ये तारीख थी 20 नवंबर 2003 की और तब मुसल्मानों का पवित्र महीना रमजान चल रहा था
24:43उस दोरान महंत ग्यानदास ने सांप्रदाइक सोहार्द और भाईचारे के नाम पर एक जोरदार पहल की
24:50उन्होंने हनुमान गड़ी के 52 बीगे के विशाल परिसर के भीतर स्थित अपने आधिकारिक निवास पर
24:56मुसलिम समुदाय के लिए एक भव्य रोजा इफ्तार पार्टी का आयूजन किया
25:01इस एतिहासिक लेकिन विवादित इफ्तार में आयूध्या के बड़े मुसलिम चहरे शामिल हुए
25:07इसमें बाबरी मस्जिद के ततकालीन पक्षकार हाशे मनसारी और मुसलिम नेता सादिक अली उर्फ बाबू टेलर भी थे
25:14इसके अलावा करीब 500 मुसल्मान इस रोजा इफ्तार के लिए पहुँचे
25:19आरोप है कि इस दोरान लखनओ जोन के ततकालीन आईजी सरकार को खुश करने के लिए
25:24हनुमान गड़ी मंदर के नियमों को ताक पर रखने के लिए तैयार थे
25:28वो देश भर में बड़ा संदेश नेने के लिए इस आयूजन को हनुमान गड़ी की चछत पर
25:32या मंदर के ठीक सामने मुख्य सरक पर सारजनिक रूप से करवाना चाहते थे
25:37लेकिन जमीन पर सुरक्षा विवस्था संभाल रहे
25:40फैजाबाद के ततकालीन SSP ने इस कथित दबाओ के आगे जुकने से इनकार कर दिया
25:47उनका तर्था कि हनुमान गड़ी के मुख्य परिसर या सारजनिक सड़क पर ऐसी नई परंपरा की शुरुआत से हिंदू संगठन
25:56भड़क सकते हैं
25:57और अयुध्या में माहौल बिगड सकता है
25:59जब सड़क पर अनुमती नहीं मिली तो ये कारिक्रम हनुमान गड़ी परिसर में ही महंत ग्यान दास के घर के
26:06अंदर शिफ्ट कर दिया गया
26:07लेकिन रोजा इफ्तार के बाद नमाज के लिए ज्यादा जगे की जरूरत महसूस हुई
26:12तो महंत ग्यान दास के आवास की बाहरी सीड़ियों पर चटाई बिछाई जाने लगे
26:17ये सीड़ियां हनुमान गड़ी मंदर के मुख्य रास्ते से भी सटती थी
26:22तब सुरक्षा में तैनात पुलिस कर्भियों ने मुस्तेदी दिखाते हुए
26:26उन्हें तुरंत वहां से हटवा दिया ताकि कोई कानूनी या धार्मिक मर्यादा न टूटे
26:31जिसके बाद आवास के अंदर ही नमाज हुई और इसके लिए दीवारों पर बने देवी देवताओं के चित्र और धार्मिक
26:39प्रतीक भी धंक दिये गए
26:40जो तस्वीरों में साफ नज़र आता है
27:11आता है
27:11नहीं वहुआ एंदर हो तस्वीरों में
27:18कोई करते है
27:18कि अ लिए जन्स कर दिए गया के लिए ताकि भादाब नवेी लूचा नवे घए उब कर दिए नोटे
27:31है कि अ एंद बैकि पूर है
27:38कोई कर दो प्रादिन
27:39कि अ कर दो दोंशनों ग्हार
27:45हनुमान गड़ी परिसर में हुई इस रोजा इफ्तार और नमाज का दूसरे हिंदू संतों और संगठनों ने जोरदार विरूद किया
27:52हनुमान गड़ी के ही महंत धर्म दास और महंत मधुसूदन दास ने विश्व हिंदू परिशद के समर्थन से फैजाबाद की
27:59सिविल कोट का दर्वाजा खट खटाया
28:01उनका तर्प था कि मंदर के उप नियमों के अनुसार बावन बिग्ये के इस पवित्र परिसर के भीतर किसी भी
28:08गएर सनातन धार में गतविदी या नमाज की अनुमत ही नहीं दी जा सकती
28:12उस वक्त गोरकपुर के ततकालीन सांसद योगी आदित तनात ने भी हनुमान गड़ी में रोजा इफ्तार का जोरदार विरोध किया
28:20था
28:20और इसके विरोध में रैली भी की थी जिसका दावा महन धर्म दास ने भी किया है
28:252005 में जब रमजान के दौरान तीसरे साल भी हनुमान गड़ी में इफ्तार की तैयारी चल रही थी
28:31तब विश्व हिंदू परिशद ने मंदर के बाहर दस दिनों का उग्र धरना शुरू कर दिया
28:37इसी बीच एक अक्तूबर 2005 को कोट ने यहां रोजा इफ्तार पर अंतरिम रोक लगा दी
28:44जिसकी वज़े से 2005 में हनुमान गड़ी में इफ्तार नहीं हो सका
29:02और पूर्व में लगाए गए स्टे को हटा लिया
29:05यानि कानूनी रोप से इफ्तार के आयूजन को गलत नहीं माना गया
29:09हालकि अदालत से हरी जंडी मिलने के बाद भी 2006 के बाद हनुमान गड़ी में फिर कभी इफ्तार नहीं हुआ
29:15इसके पीछे आंतरिक दबाओ और कानून व्यवस्था से जुड़ी वजे रही
29:19क्योंकि आखाडों के भीतर महंत ग्यान दास का तीवर विरोध शुरू हो गया था
29:24उन्हें आखाडे से निश्कासित करने की भी चेतावनी दी गई
29:27एक दूसरे मामले को लेकर महंत ग्यान दास और महंत धर्म दास के समर्तकों में जड़ब भी हुई थी
29:32चौतरफा घिरे महंत ग्यान दास ने आखरकार हनुमान गड़ी में रोजा इफ्तार से तौबा कर ले
29:39हनुमान गड़ी के पीछे उंकर जो मकान है वो अपने मकान में बुला करके मुसल्मानों के रोजा अफ्तार के समय
29:48था
29:49कि का था उसी समय उन्होंने बुला करके बोजन ने करा नमाज पड़वाई
29:54तो हम लोगं कोट में गई अवहाँ पर हनुमान गड़ी एरिया में जितने दूर में हनुमान गड़ी के एरिया है
30:05उसमें कोई आब द्छानि का नाम है ईे हिंदू परंपरा के भिरूद में कोई कार भी नहीं किया जा सकता
30:14है
30:14करता है तो उसको रोका जाया और दंड दिया जाया लेकि इन लोगों कोई डंड नहीं किया गया माफी मांग
30:23लिए कि हमसे गलती हो गया हुए फिर सोड़ दिये सब
30:28उस समय भी हनुवान गड़ी और रामबंदिर के मुद्दे का सियासी इस्तमाल हुआ और धार्मिक मुद्दे को सियासी अखाड़े में
30:35बदल दिया गया और आज जब उत्तर प्रदेश एक बार फिर चुनाव के मोहाने पर खड़ा है तो सियासी दल
30:40धार्मिक पिछ पर सियास
30:42पारी खेलनें उतर चुके हैं अखिलेश यादव का सनातन प्रेम और योगी आदेटनात का इतिहास टेटोलना दिखा रहा है कि
30:48सनातन फिर से सियासत का हिस्सा बन चुका
30:51इसलिए जब अखिलेश यादव सनातन ही समाजवाद है का नारा दे रहे हैं तो योगी आदेतनात कारसेवकों पर गोली चलाने
30:58से लेकर हनुमान गड़ी में नमाज पढ़वाने की कोशिशों का रीप्ले कर रहे हैं
31:05हमारी अगली रिपोर्ट पारिवारिक सम्मंधों के एक ऐसे पहलू पर है जिसकी चर्चा खुले मंचों पर अक्सर नहीं होती है
31:12दरसल ये चर्चा एक सवाल के तौर पर उठती है सवाल ये कि क्या हमारे देश के पुरुष नो मींस
31:19नो का मतलब समझते हैं
31:21आनकि ये सवाल पुरुषों से नहीं बलकि महिलाओं से पूछा जाना चाहिए
31:25इंडिया टुडे के ग्रॉस टुमेस्टिक बहेवियर सर्वे में हमने यही किया
31:29हमने इसी तरह के कुछ अंच हुए सवालों को देश की महिलाओं के सामने रखा
31:33हमें इन सवालों के जो जवाब मिले वो हमारे भारतिय समाज का सच है
31:37सबसे पहले तो हमारे लिए ये जानना जरूरी था कि समाज की कितनी महिलाएं
31:42संबंधू में कंसेंट यानि सेहमती का असली मतलब समझती है
31:45इस सवाल का जो जवाब हमें मिला उससे पता चलता है कि महिलाओं के लिए शिक्षा बहुत जरूरी है
31:51हमारे देश की 62.5% उच्च शिक्षित महिलाएं संबंधों में सेमती का मतलब कम पढ़ी लिखी महिलाओं की तुलना
31:59में बहतर समझती है
32:01यानि महिलाएं जितना शिक्षित हो रही हैं वो अपने अधिकारों के प्रती और संबंधों में ना कहने को लेकर जागरूख
32:07होती है
32:07इसके बाद सर्वे में एक बड़ा सवाल पूछा गया
32:10महिलाओं से पूछा गया किसी काम को करने का उनका मन नहीं होता
32:14तो वो अपने पार्टनर को ना कैसे कहती है
32:17इसके जवाब में 56 प्रतिशत महिलाओं ने बताया
32:20कि वो सीधे ना कह देती है
32:2321 प्रतिशत ने कहा कि उन्हें ना कहने में दिक्कत आती है और वो बहाने बनाती है
32:2820 प्रतिशत महिलाओं ने कहा वो चाह कर भी नान नहीं कह पाती
32:32यानि महिलाओं में अपनी इच्छा के प्रती जागरुकता तो आई है
32:36लेकिन अभी भी कुछ महिलाओं में ना कहने को लेकर हिचक है
32:40लेकिन सर्वे में एक और बात पता चली है
32:43देश की 89 प्रतिशत महिलाएं किसी भी तरह की परिस्थितियों में
32:48no means no के विचार का समर्थन करती है
32:50यानि वो मानती है कि महिलाओं की ना का सम्मान होना चाहिए
32:54इसलिए हमारा अगला सवाल यही था
32:56कि संबंधों में महिलाओं द्वारा ना कहने पर उनके साथी उन्हें कितना समझते हैं
33:01यानि पुरुष no means no को कितना सम्मान देते हैं
33:0456 प्रतिशत महिलाओं ने कहा कि उनके साथी ना कहने पर तुरंट समझ जाते हैं
33:10और फैसले को पूरा सम्मान देते हैं
33:1213 प्रतिशत महिलाओं ने कहा कि उनके साथी उनकी ना सुनने के बाद विचार बदलने का दबाव डालते हैं
33:2012% महिलाओं ने कहा कि ना सुनने के बाद उनके पार्टनर उन पर ज्यादती का आरोप लगाते हैं और
33:25नाराज हो जाते हैं.
33:2610% महिलाओं ने कहा कि उन्हें अपने साथी को मना करने की या किसी तरह सीमा तै करने की
33:32ज़रूरत ही नहीं पड़ी.
33:34अब ऐसे में एक सवाल और खड़ा होता है कि क्या भारतिय समाज में महिलाओं की सहमती और इच्छाओं को
33:40सम्मान दिया जाता है
33:42हमारा आगला सवाल यही था
33:43सवे में महिलाओं से पूछा गया कि क्या भारतिय समाज में उनकी सहमती और इच्छाओं को सम्मान मिलता है
33:4939% महिलाओं ने इस सवाल का जवाब हा में दिया
33:5447% महिलाओं ने कहा ऐसा कभी कभी होता है
33:5821% महिलाओं ने सीधे सीधे इंकार किया
34:01उनका मानना था कि भारतिय समाज में महिलाओं की सहमती और इच्छा को सम्मान नहीं दिया जाता
34:07माना जाता है कि कई बार महिलाओं की इच्छाओं और सेहमती को स्वीकार करना उनके परिवार के पुरुषों के लिए
34:13भी मुश्किल हो जाता है
34:14इसलिए इस सवे में महिलाओं से पूछा कि क्या भारतिय पुरुष जैसे पिता, भाई, पती या अन्य परिजन
34:21महिलाओं की सहमती के अधिकार को समझते या उसका सम्मान करते हैं
34:25बासर प्रतिशत महिलाओं ने इसका जवाब हा में दिया
34:29और 26 प्रतिशत महिलाओं ने कहा कुछ समझते हैं कुछ नहीं
34:33केवल साथ प्रतिशत ने जवाब ना में दिया
34:37यानि भारतिय समाज में एक बड़ा बदलाव तो आ रहा है जिसमें महिलाओं की इच्छाओं का सम्मान किया जाता है
34:43हालनकि अभी भी महिलाओं और पुरुषों में इस तरह की सहमती और इच्छाओं को लेकर कुछ संकोच है लेकिन स्थिती
34:49फिर भी बहतर हुई है
34:54भारत के कॉलेजों में रागिंग पर पूर्ण प्रतिबंध है सुप्रीम कोट की सकती के बाद देश भर के कॉलेजों के
34:59लिए रागिंग के खिलाफ कड़ा कानून है
35:01कॉलेजों में रागिंग के खिलाफ समाज में जरूरी जागरुपता भी दिखाई पड़ती है
35:05लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि स्कूलों में 4-5 या 8 तक की छोटी क्लासेज में भी
35:12क्लास्रूम बुली यानि किसी बच्चे को किसी साथी बच्चे से परिशान किया जाना देश के लिए एक गंभीर सवस्या हो
35:19सकती है
35:19क्या क्लास्रूम बुली पर टीचर्स, स्कूल प्रशासन, अविभावकों और सरकार को और ज्यादा सम्वेदन शील और सतर्क होने की ज़रूरत
35:29नहीं है
35:30ये सवाल जैपुर के बहुचर्चित अमाईरा खुदकुशी केस के नए तत्थियों से सामने आया है
35:36क्लास 4 में पढ़ने वाली 9 साल की अमाईरा ने 1 नवंबर 2025 को जैपुर के नीरजा मोदी स्कूल की
35:44चौथी मन्जल से छलंग लगा दी इस मामले में पुलिस चार्जशीर दाखिल कर चुकी है
35:50पुलिस की जाच में घटना वाले दिन क्लास रूम में क्या हुआ इसका सिलसले वार ब्योरा है
35:54CCTV फुटिज के आधार पर पुलिस ने ये साबित करने की कोशिश की कि क्लास रूम में अमाईरा और दूसरे
36:00बच्चों के बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ
36:02इस दौरान अमाईरा ने अपनी बात क्लास में मौझूद टीचर पुनीता शर्मा को बताने की कोशिश की
36:07लेकिन उन्होंने अमाईरा की बात पर तवज्जो नहीं दिया
36:11इसी के बाद बच्ची क्लास रूम में तेजी से निकली और फिर चोथे मन्जिल पर चली गई
36:32हर पर तयार हमारी ये रिपोर्ट देखिए अभी भी सई सेक्शन नहीं लगे हैं जेजे 75 लगा है जो कि
36:39पुनीता शर्मा क्लास टीचर पर लगा है
37:02अमेरा सबसे पहले क्लास रूम में आती है और बिलकुल समाने दिखती है कुछ देर बाद उसकी फ्रेंड क्लास रूम
37:08में आती है अमेरा उससे मिलती है दोनों के बीच एक नॉर्मल स्कूल इंटरेक्शन जैसा द्रिश दिखाई देता है इसके
37:17बाद अमेरा डांस क्लास मे
37:18जाती है, वो बाकी बच्चों के साथ
37:20एक्टिविटी में शामिल होती है
37:22वो पार्टिसिपेट करती है
37:24डांस करती है और पूरे समय
37:26एक नॉर्मल एक्टिव जाइल की तरह
37:28दिखाई देती है, फिर अमेरा
37:30वापस क्लासरूम में आती है
37:34यह वही डिजिटल स्लेट है
37:36जो प्लासरूम में अलाउड नहीं होनी चाहिए थी
37:39प्लासरूम के अंदर
37:40पीचर की मोजूदगी में
37:42बच्चे उसे निकालते हैं
37:43और उस पर कुछ लिखते दिखाई देते हैं
37:46फिर वही डिजिटल स्लेट
37:48बार बार अमाईरा को दिखाई जाती है
37:50यहीं से अमाईरा की
37:52बॉडी लेंगविज बदलनी शुरू होती है
37:54जो बच्ची कुछ दिर पहले
37:56नॉर्मल थी वही अब
37:57असहस दिखाई देने लगती है
38:03जिस डिजिटल स्लेट पर
38:04बार बार कुछ लिख कर उसे दिखाया जा रहा था
38:07जिस वज़ा से वो परिशान और
38:09अम्बैरेस दिखाई दे रही थी
38:10इस समय अमाईरा की बॉडी लेंगविज
38:12साफ दिखाती है कि वो हेल्प चाहती है
38:15वो चाहती है कि टीचर इस बात को रोके
38:18लेकिन तब ही अमाईरा के आगे बैठा
38:20बच्चा रही टीचर के पास आ जाता है
38:21वो अमाईरा की तरफ इशारा करता है
38:24और क्लास टीचर से कुछ कहता
38:26दिखाई देता है
38:27अब जिस बच्ची ने खुद कंप्लेन करने के लिए
38:30टीचर के पास कदम बढ़ाया था
38:31उसी मूमेंट में बात फिर उसके उपर घूनती हुई दिखाई देती है
38:38क्लास टीचर कुछ बच्चों के पास जाती है
38:41वो बच्चों से बात करती दिखाई देती है
38:43और उसी दौरान अमाईरा की तरफ इशारा करके
38:46कुछ कहती हुई नज़र आती हैं।
38:49यही वो moment है
38:50जहां Amaira की body language
38:52सबसे ज्यादा हिला देने वाली दिखाई देती है।
38:58और फिर Amaira एक आखरी बार
39:00class teacher के पास जाती है।
39:02लेकिन teacher की body language
39:04strict दिखाई देती है।
39:06जैसे Amaira को फिर किसी serious consequence
39:08या action जैसी बात से डराया जा रहा हो।
39:13और फिर बातचीत के बीच ही Amaira
39:15अचानक class से बाहर निकल जाती है।
39:21और अब वही 9 साल की बच्ची
39:23school building में अकेली भाग रही है।
39:26लेकिन कोई floor attendant उसे रोकता हुआ नहीं दिखता।
39:29कोई teacher तुरंट उसके पीछे जाती हुई दिखाई नहीं देती।
39:33classroom में anti-bullying response नहीं दिखा।
39:36counseling support नहीं दिखा।
39:38और पुलिस अभी तक ये साफ नहीं कर पाई कि
39:40classroom के अंदर Amaira से ऐसा क्या कहा गया।
39:44जिसने एक 9 साल की बच्ची को इतना डरा दिया
39:47क्यों इतना गंभीर कदम उठा बैटी।
39:53आप सोचिए अगर Amaira मामले में
39:55पुलिस की जाच का ये पहलू सही है तो कितनी गंभीर बात है।
39:592017 में teacher foundation और Wipro applying thought in schools
40:02नाम की संस्था ने 5 साल के शोध के बाद एक report जारी की थी।
40:06report के अनुसार class 4 से class 8 के 42 प्रतिशत बच्चे और class 9 से class 12 के 36
40:16प्रतिशत बच्चे
40:17school में दूसरे साथी बच्चों से परिशान किये जाने के शिकार होते हैं।
40:21तंग किया जाना अपमानित किया जाना मजाक उड़ाया जाना और लड़ाई जगड़े इसका हिस्सा है।
40:28school में जो बच्चे दूसरे बच्चों की प्रतार्ना करते हैं वो भी उतने ही
40:32vulnerable हैं क्योंकि उन्हें भी शायद इतनी समझ नहीं होती।
40:35पर सवाल है कि स्कूलों में समस्या से निजात पाने का उपाय क्या है।
40:42juvenile justice act का section 75 साफ कहता है कि बच्चों की जिस पर जिम्मेदारी है या जिसका नियंत्रण है
40:49वो अगर खुद बच्चों की प्रतार्ना करता है या प्रतार्ना को नजर अंदाज करता है उसे तीन साल तक की
40:55सजा और जुर्माना हो सकता है।
40:58अमायरा के मामले में क्लास में मौझूद टीचर पुनीता शर्मा के उपर जिम्मेदारी थी कि वो अमायरा का पक्ष सुनती
41:05और उसे साथी बच्चों से बचाती।
41:08लेकिन पुलिस चार्जशीट के अनुसार उनकी तरफ से ऐसा नहीं किया गया।
41:13पुलिस चार्जशीट में पुनीता शर्मा के खिलाफ जेजे आक्ट के तहट आरूप दाखिल किये गये हैं।
41:18लेकिन अमायरा का परिवार चार्जशीट में स्कूल की प्रिंसिपल इंदू दूबे और स्कूल चैमन सौरब मोधी पर जेजे आक्ट में
41:26केस दर्ज नहीं करने पर सवाल उठा रहा है।
41:55अमायरा के परिवार ने नीर्जामुदी स्कूल के खिलाफ कारवाई के लिए राजस्थान हाई कोट में एक अलग केस दाखिल किया
42:02है।
42:18प्राइमरी टीचर केटेगरी में सभी बावन टीचर्स की योग्यता मानकों के अनुसार नहीं थी।
42:24यहां हम साफ करना चाहते हैं कि यह मसला किसी एक खास स्कूल का नहीं है।
42:30सवाल है व्यवस्था का जहां बच्चों को बुली होने से बचाने का इंतजाम नहीं है।
42:35इसकी बड़ी वज़े क्वालिफाइड शिक्षकों की कमी साफ नजर आती है।
42:40और अब हम आपको पाकिस्तान और अफगानिस्तान की तालिबान सरकार के तनाओं के ग्राउंड जीरो पर ले चलेंगे।
42:46पाकिस्तान की फाज और अफगान तालिबान पिछले साल अक्तूबर से आमने सामने हैं।
42:52जून के आखिर में पाकिस्तान की वायू सेना ने आधी रात को डूरंड लाइन के पास अफगानिस्तान के पक्तिका और
42:59कुनार में हमले किये
43:00हमले में 35 से ज्यादा अफगानी नागरिक मारे गए
43:04मृतिकों में 4 से 9 साल के बच्चे और बुजर्ग शामिल थे
43:07सौ से ज्यादा लोग इस हमले में घायल भी हुए
43:11अक्तूबर 2025 से ये पहली बार नहीं है जब पाकिस्तान में अफगानिस्तान के बच्चों और बुजर्गों समेत
43:16आम नागरिकों को निशाना बनाया
43:2016 मार्च को पाकिस्तान ने काबुल के एक नशा मुक्ती अस्पताल पर एस्ट्राइक कर दी
43:25इसमें 279 आम नागरिकों की जान चली गए थी
43:29पिछले साल के आखिर में कतर और तुर्की ने पाकिस्तान और तालिबान के बीच अस्थाई युद्ध विराम कराया
43:35और इस साल मार्च में ईद के समय तीन दनों का युद्ध विराम हुआ
43:39लेकिन हर बार पाकिस्तान की बदनियती से संघर्ष दोबारा शुरू हो गया
43:45इसी हफते पाकिस्तान के सेना ध्यक शासिम मुनीर में कोर कमांडर्स के साथ बैठक की थी
43:50इसके बाद आईस पी आर के बयान में तालिबान पर भारत की मदद से आतंकवाद को बढ़ावा देने का मन
43:56गढ़हन तारोप लगाया गया
43:58ऐसा माना जा रहा है कि पियो जेके में हाल ही में हुए पाकिस्तान के खिलाफ विद्रोह से ध्यान भटकाने
44:03के लिए
44:03पाकिस्तान अफगानिस्तान बॉर्डर पर तनाओ को जिन्दा रखना चाहता है
44:08उधर अफगानिस्तान जो 1893 में अंग्रेजों द्वारा तै की गई डूरंड लाइन को कभी स्वीकार नहीं कर सका है
44:14उसके लिए वहाँ सुरक्षा को मुस्तेद रखना बहत जरूरी है
44:18आज तक समवादाता मीर फरीद तालिबान के नियंतरन वाले इसी डूरंड लाइन के इलाके में पहुँचे
44:24वहाँ तालिबान किस तरह सुरक्षा का घेरा बनाए हुए है
44:27अफगानिस्तान के पक्तिका से ये वर्ल्ड एक्स्क्लूसिव ग्राउंड रिपोर्ट देगी है
44:48आज तक की टीम पहुची है डियूरिंड लाइन पे
44:51डियूरिंड लाइन नाम आपने बहुत सुना होगा पाकिस्तान अफगानिस्तान तन्फिक्ट हुआ
44:55और हर कोई डियूरिंड लाइन की बात करता है
44:58आज हम आपको दिखाएंगे डियूरिंड लाइन और इस वक्त हम है शम्खनी जो की डियूरिंड लाइन का ही इलाका है
45:05और मेरे आसपाज जैसे आप देख रहे होंगे तालिबान के जो जवान है यहाँ पैनी नजर बनाए हुआ है जो
45:13कन्फिक्ट हुआ है और जो लगातार aerial strikes है बॉर्डर पे जो पाकिस्तानी आर्मी ने गोली बारी की है तालिबान
45:20ने उसका जो है मुतोड जवाब दिया है और
45:23काफी टेंशन है लिकिन तालिबान के जवान जो है जो है जिसको आप कहेंगे locked and loaded है यानि कि
45:28तयार है अगर कोई भी aggression होता है उसका जवाब देने को लेकिन बात हम फिर से करेंगे डूरेन लाइन
45:33की और आपको इन दृशियों के साथ रखेंगे पाकिस्तान डूरेन लाइन
45:37को international border मानता है लेकिन तालिबान सरकार जो है इस line को नहीं मानती हालाज जो है अभी भी
45:44एजपे हैं तालिबान के जो जवान हैं पूरी नजर बनाए हुए है जो भी उनकी positioning है और जादा जो
45:51है उसको उसकी strength बढ़ा दी गए जैसे मैंने कहा कि अफगान जो जवान है उनको �
45:57लड़ने के लिए दूसरा बहाना नहीं चाहिए यही वो सीख के पले बढ़े हैं और यही बात हो पाकिस्तान को
46:03भी कह रहे हैं कि हम जो हैं पैदाई हुए हैं लड़ाई के लिए और war machines है तो वो
46:09भी एक चीज़ है अगर आप इस पूरे जो balance है इसमें जहां साफ तोर पे air
46:14superiority पाकिस्तान के पास है लेकिन जो गुरीला वार टेक्टिक है जो लड़ने की जो शमता है जो एक unending
46:22जो exhaust ना होने वाली शमता है वो तालिबान और अफगानिस्तान के soldiers के पास है छाप हमारी उनका जो
46:29है speciality है और वो पाकिस्तान जो है बखु भी जानता है तो साफ तोर पे
46:33यह जो मुद्दा है यह जो conflict है इसका हल होना अभी दिख नहीं रहा जहां fragile ceasefire चलता है
46:43वहीं पूरी जो है अशंका है कि दुबारा flare up हो सकता है किसी मुद्दे पे और मेरे पीसे जो
46:48डूर इन लाइन है यह फिर से जो है hot हो सकती है तो साफ तोर पे फिर एक बार
46:53आपको दि
47:03चपे चपे पे जो है उन्होंने नजर रखी हुई है यह मेसेज साफ है कि हम यहां से कुछ नहीं
47:11करेंगे लेकिन अगर आपने हम से छेड़ा तो फिर हम जो है कोई लिहाज भी नहीं देखेंगे मीर फारीद डियोरें
47:19लाइन अफगानिस्तान आज तक
47:21आज के लिए ब्लाक इन वाइट में इतना ही अब आपसे हमारी अगली मुलाकात होगी कल रात नौ बजे
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