00:01जा विधाई का, कारेपाली का, न्याईपाली का तीन इस्तम हैं, उन तीनों इस्तमों के अपनी भूमी का हैं, और लोगतंत
00:13में सभी इस्तम अपनी ठीक से भूमी का निभाए, ये देश की जनता अपिक्षा करती है,
00:20और इसलिए समाज के अंतिम भेक्ती को न्याई परक्रिया में बहुत देली होना उसके लिए बहुत चुनोती होती है, ये
00:35न्याई लिए का परिसर है, हमारा भी लंबा अन्भो न्याई परक्रिया से रहा है,
00:45और इसलिए जब आज विज्ञान तक्नीकी के यूग के अंदर टेक्नोलोजी का बहुत अधिक्ता उप्योग हो रहा है,
00:58उस समय सबसे बड़ी आउसकता है नए दिलाने में अभी जोन विबाग के अधिकारियों की भी है,
01:06और वकील की भी है, ये दो ऐसे महत्पुर्ण नयाख प्रक्रिया के पईये हैं,
01:16कि अगर ये तवरित नयाज दिलाने की जिशा के और काम करने लगे,
01:22तो समाज के सभी वेक्तियों को नयाज तवरित मिलेगा,
01:26इस जमावले का अगर किसी को क्रेडिट जाता है,
01:29तो डिरेक्टर प्रोशुकुशन स्रीमान तुरुपति जी को जाता है,
01:37ये इनके अथक प्रियास का परणाम है,
01:41कि हमारे स्पीकर साब यहां सवाई मादोपुर की धर्ती पर आये,
01:49प्रणुबाकुरी धर्ती पर पहले भी स्पीकर साब ने हमारे साथ हम दोनों ने मिलके यहां बहुत बड़े आंदोलर की है,
01:59ये रेल्स से आते थे लोगों को भरके सवाई मादोपुर से,
02:03और मैं यहां लोगों को तयार रखता था,
02:06और ये जगे वो ही है,
02:08जहां पर हमारी भीड आकर रोज कलेक्टेट पर प्रदेशन करती थी,
02:13और ये जगे वो ही है,
02:15जहां पर लाठी चार्ज भी जोरदार हुआ था,
02:18खूब इसी केमपस में ये जो बहुन बनाने,
02:21यहीं गेर गेर को हमने पुलिस ने खूब मारा था,
02:26लेकिन ये पुलिस की मानने जोगा राम जी,
02:30हमारे इधर आप कह रहे थे ने सवाई मादोपुर में तपिस बहुत है,
02:34आज तपिस बहुत है, इसमें कोई शक नहीं है,
02:36एक तपिस को मैंने जवार बेड़म जी को कली समादान किया,
02:40पांचना की तपिस इसनी बढ़ गई थी, ये पूरे राज़स्थाम में से डाली,
02:44ये हटीले हम्मीर की धर्ती है, और इसमें कोई शक नहीं है, यहाँ तपिस रहती है,
02:52और तपिस का समादान भी यहाँ के अधिकारी और गंता मिलके निकाल लेती है,
03:12तो हमें जो सद्यों से हमारी परंप्रा है, उसको काईम रखता है, निश्पर्स्था और फार्दसिता,
03:21मालिय अधिक्समोदे, यह वकिल समुदाए, वो समुदाए है, जो सद्यों से आम पिरित सोचित वक्ति को नहीं दिला में हमेशा
03:32आगे राए,
03:34सहादाजी से पहले का विशे हो, सहाजादी के बाद का विशे हो,
03:40This is the same as a good thing that is how much he works for the great and great,
03:46how much he works for you, and how much he works for you.
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