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ट्विशा मौत मामले में CBI की चार्जशीट में कौनसे बड़े खुलासे? देखें वारदात
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00:03नमस्कार मैं हूँ शम्स ताहर खान और आप देख रहे हैं वारदात
00:06टूइशा का कतल नहीं हुआ था बलकि उसे मरने के लिए मजबूर किया गया था
00:11यानि उसे खुदकुशी के लिए उकसाया गया था
00:14और ये काम किया था टूइशा की जजरही सास और वकील पती ने
00:19ये खुलासा सीबियाई ने अपनी चाशीट में किया
00:22सीबियाई ने ये चाशीट सोमवार को भोपाल की एक अदालत में दाखिल की
00:28इस चार्शीर में जो धाराएं लगाई गई हैं उनमें उम्र कैद तक की सजा है
00:37कभे आपने सोचा है जब किसी का कतल होता है
00:41किसी की संदिक्द मौत होती है
00:43या कोई खुदकुशी करता है
00:45जब मामला पुलिस के पास पहुँचता है
00:47जब वेफाया दर्ट होती है
00:49फिर जब अदालत में चार्शीर दाखिल होती है
00:52तो उसे एक कतल, उसे एक संदिक्द मौत
00:55या एक खुदकुशी के लिए सीधे सीधे
00:57कानून की एक धारा लगाने की बजाए
01:00एक साथ कई धाराएं क्यों लगाई आती है
01:03अब जैसे भोपाल की ट्विशा और उसकी मौत तो याद होगी है
01:08ससुराल के अंदर फंदे से जूलती लाश मिली थी ट्विशा की
01:12पहले भोपाल पुलिस ने जाच की
01:14फिर केश सीवियाई के पास मौँचा
01:16सामने आरोपी के तोर पर एक तो पती था ही
01:20दूसरी एक खास सास थी
01:22खास इसलिए क्योंके सास खुद कभी जच थी
01:25अब जच रही उन्ही सास ग्रिवाला सिंग और उनके बेटे
01:29और ट्विशा के पती समर्थ सिंग के खलाफ
01:32सीवियाई ने भोपाल की एक अदालत में
01:34मा बेटे के नाम आरोप पत्र यानी चार्शीट दाखिल करती है
01:41तूसरी एक मौत के लिए चार्शीट में कानून की कुल पांच धाराएं लगाई गई
01:48भातिया ने आएक संगिता यानी बेएनेस की धारा
01:50असी ब्रैकेट दो यानी डौरी डिट
01:53सजा साथ साल से लेकर उम्रकाहत तर
01:57बेएनेस की धारा एक सो आठ यानी किसी को खुदकुशी के लिए उकसाने
02:01या खुदकुशी में मदद करने का जुर्ब
02:04सजा तस साथ
02:07बेएनेस की धारा पचासी पतिया उसके रिष्टेदारों दोहरा पत्वी पर जल्म
02:12अधिकतम सजा तीन साल
02:16बेएनेस की धारा तीन ब्रैकेट पांच
02:18एक अपरात में एक से ज़्यादा लों का शामिल होना
02:21सभी सजाओं में बराबत हिस्सेदारी
02:25बेएनेस की धारा तीन और चार यानी दहेज मागना
02:30636 पन्नों की चार शीट में कभी जज रही सास और उनके बेटे को
02:34जिन धाराओं में लपेटा गया है
02:37उसे साब से कम से कम साथ साल और ज्यादा से जादा उम्र कैट की सजा बनती है
02:43पर क्या मा बेटे के हिस्से ये सजा आएगी
02:46या आगे बताओं
02:47पहले इस चार शीट की सबसे खास बात जान दीजा
02:50इस चार शीट की दो धाराएं
02:53यानि बेएनिस की धारा 802 और 108
02:56ये बता रही है कि टूशा ने खुदकुशी जरूर की
03:00लेकिन उसे खुदकुशी के लिए मजबूर किया गया
03:03और ये काम इनी मा बेटे ने किया
03:07यानि ये चार शीट आने वाले वक्त में
03:10कभी जज रही सास और उसके बेटे के लिए
03:12मुश्किलें पैदा करने वाले
03:14क्या फाइंडिंग से सीबिया की चार शीट में जो सामने आई है
03:18आज सीबियाई द्वारा जो चलान पेश करा गया दोनों आरोपियों के अगेंस
03:21उसमें डावरी डेट, अवेट्मेंट टू सुसाइड और जो फिजिकल मेंटल कुरॉयलिटी
03:25और इसी के साथ साथ दहेच के संबन्द में जो लगातार मांग करी जा रही थी
03:29इन धाराओं में चाहे BNS का हो चाहे वो डावरी प्रोवेशन एक्ट हो उन धाराओं के अंतरगा दोनों आरोपियों के
03:34विरूद परियाप साक्ष मिलने के बाद सीबियाई ने आज चलान केश करें
03:37जो एक अभी तक धारना थी परिवार का आरोप था कि ये हत्या है आज CBI ने इसे क्या माना
03:44है अपनी जाशीट के जरिए क्या इसे हत्या माना है या आत्म हत्या
03:47सर जो जिन सेक्षेंज में दोनों आरोपियों को फाइनल रिपोर्ट जमा करी गई है वो मडर के संबंद में तो
03:51नहीं है वो सुसाइट के संबंद में है वही सारी धाराइं CBI ने लगाई है परन्तु अभी हम जो फर्स्ट
03:56पीम सेकंड पीम जो रिपोर्ट आई है और और �
04:01उसका मवलोखन करेंगे और अगर लगता है किसी एसपेक्ट पर इन्वेस्टिगेटिंग एजिंसी ने कोई चीज कोई इन्वेस्टिगेशन छूट गया है
04:07अधूरा है पूरा नहीं हुआ तो उसके संबंद में प्रोटेस्ट पेटीशन फाइल करने का जो विक्टम के फै
04:28इसे तमाम चीज़ें तो इसको आपको क्या लगता है कि आप आगे इसमें क्या करम हो सकता है परिवार का
04:33सर इसमें हमारे पास तो है राइट कि हम प्रोटेस्ट पेटीशन फाइल करें संबंदित मेजिस्ट्रेट कोट में परन्तु सी बियाई
04:39द्वारा भी फर्दर इन्व
04:57द्वारा कोई करा गया है तो उनके संबंद में वेचना अभी अपूर्ण है जारी है नाइंटी डेस के अंडर जो
05:02टाइम था उन्होंने दोनों आरोपियों के संबंद में जो साक्ष्तिवार जमा करें परन्तु फर्दर इंवेस्टिकेशन चाहे वो डावरी का हो
05:08चाहे व
05:24दरसल शुरुवात में टूइशा की मौत को कतल बताया जा रहा था घरवालों ने भी यही लजाम लगाए थे फिर
05:31भोपाल पुलिस ने भी अपनी लापरवाही के चलते टूइशा की मौत की वज़ा को लेकर केस और खराब कर दे
05:37इन्हीं सब के बीच जो पहली पोस्मोटम
05:40रिपोर्ट आई उस पर कोई यकीन करने को तैयार नहीं था क्योंकि रिपोर्ट एक तरफ टूइशा की मौत को खुदकुशी
05:46भी बता रही थी और दूसरी तरफ जिसम पर जखमों के निशान भी दिखा रही थी इसी उलजन को दूर
05:53करने के लिए दो चीजे हुई एक टू
06:08खुशी के बीच का राज अब इसी दूसरी रिपोर्ट पर आकर ठहर जा दी है एम्स के डॉक्टरों के पैनल
06:15ने सील बंद लिफाफे में ये रिपोर्ट धोपाल में कोट को सौप दी और इसी के साथ ये सच सामने
06:21आया कि टूइशा को मारा नहीं गया था बलकि उसने खु
06:29करना था कि टूइशा ने खुदकुशी क्यों की क्या उसे खुदकुशी के लिए मजबूर किया गया अगर हां तो क्यों
06:36तो सीवियाई ने इनी सवालों के इर्दगिर्द अपनी जाच शुरू की और फिर जाच खत्म होते हैं सारी कहानी चार्शीट
06:44में लिख डाले हाला क
06:45चार्शीट की 636 परनों की पूरी की पूरी चार्शीट अभी सामने नहीं आई है लेकिन चार्शीट में जो एहम बाते
06:52हैं उनका खुलासा हो चुका है
06:59सीवाई के मताबिक शादी के बास से ही जजरही सास करिबाला सिंग और वकील बेटा समर्थ से लगाता ट्रिशा पर
07:06जुल्म ढाते थे
07:07कभी दहेच के लिए कभी अलाद के लिए कभी उसकी परसनल लाइफ के लिए तो कभी करियर को लेगी
07:13इनी सब चीजों से तंग आकर बारा मई की रात ट्रिशन भोपाल के अपने इसी ससुराल में इसी चट पर
07:20ठीग इसी जगा फंदा लगाकर खुदकुशी कर दिया
07:26कर दो पूरी तरह से हसे हुआ तो आने कर दिया तो उसको भी मना कर दिया तब उसे बोले
07:38कि आप आओ में को आने नहीं दे रहे आप आऊ तो उसे बोले है
07:44आप लेने आजाओ मुझे यह आरे नहीं दे रहे आठ तरीकों खुद आ रही थी फिर हम आरे तरी कि
07:50हमने भी टिकेट कराई वह हमारी कैंसल करा दी आप आप भी सोचो यह हमें हर एक जगे से रोका
07:57गया है आने से आज जब पर दरीकों जग भी उसे टिकेट निकाल ली तो ब
08:12कर देल बूलाने नहीं सेसाइट है यह नहीं सोसाइट आपको मिलगता है है तुम जब लगता है यहां लुँड जाएंगे
08:30और भी आगे जाएंगे यह सब कुछ सब कुछ बारवाद हो जाओं मैं पूरी दर से मंगर मैं अपनी पैटी
08:35को यह अदिल वाउंगे
08:47अपनी बेटी को नहीं दिल्वाओंगे मैं इसमें जो है दारां लगाई गई इसमें कि रुएलिटी है इसमें फॉर्स टू अबॉर्शन
08:56है इसके अंदर और टैंपरिंग ऑफ एविडेंस है इसके डाउरी डेथ है तो आपको क्या लगता है कि जिन दाराओं
09:03पर आप सैटिस
09:04दाराओं अच्छी लगाई है और यह बड़ी मतलब यह डिपेंट करता है कि अविडेंस ट्राइल पर डिपेंड करता है इनको
09:14पुरू करना है पूंट्पाटम की जो सेकेंड पूस्पाटम हमाँ था उसकी कोई जिक्र को डीटेल इसमें है नहीं अभी डीटेल
09:23तो है भी ह
09:23हमारे हाथ नहीं आई है वह बहुत हजार पन्ने की डीटेल है उसको हम पढ़के आगे देख करके कुछ कमेंट
09:29कर आप लों को लग रहा था कि उसके की गई है जी जी वोई उसी का बोल रहा हूं
09:34अभी पीम डीटेल रिपोर्ट अभी ना तो पहले पीम कि आई हमारे पक्त �
09:38अभी दौनों पीम डीटेल रिपोर्ट पढ़ी जाएगी उसके बाद हम एनलेसिस करके आगे फ़रदर
09:45सीबियाई की तरफ से कोट में दायर चार्शी के बाद अब अदालत ये तैय करेंगी कि क्या सीबियाई ने गरिवाला
09:52सिंग और उसके बेटे के खलाब जो धाराएं लगाई है वो सब सही है और क्या कुछ ऐसी भी धाराएं
09:58बनती है जो सीबियाई ने नहीं लगाई और ज
10:15चार्श फ्रेम होने के साथ है अब गरिवाला सिंग और उसका बेटा ये कहते हुए आसानी से जमानत की अरजी
10:22लगा सकते हैं कि अब चूकी चार्शी दाखिल हो गई है लेहादा वो केस पर ज्यादा असर नहीं डाल सकते
10:28हैं इसलिए उने जमानत दे दी जाए बहुत मुम
10:43चार धाराएं छोड़ी सिर्फ खुदकुशी के लिए उकसाने की धारब पर बात करते हैं अभी दो दिन पहले ही हमने
10:50देश की आजादी की 80 साल पूरे कर दी इन 80 सानों हमारे इसी देश में आज तक किसी भी
10:56एक शक्स को खुदकुशी के लिए उकसाने के मामले में देश क
11:00किसी भी आदालत में कमी सजा नहीं दे जानते हैं क्यों क्योंकि खुद सुप्रिम कोट में केस के दौरान ये
11:07टिपड़ी की थी कि जब तक खुदकुशी करने वाले का खुदकुशी करते वक्त सीधे आरोपी से संपर्क नहों खुदकुशी में
11:15वो सीधे उस वक्त उसकी म
11:29नहीं खैरा जा सकता अब ऐसी सूरत में आप समझ सकते हैं कि पुलिस छोड़िये सीवियाई भी खुदकुशी के लिए
11:36उकसाने के मामले में कभी किसी को सजा क्यों नहीं दिरा पाए यही पुराना इतिहास ये इशारा कर रहा है
11:43कि टुशा केस में भी चास्ट्रीट का हश्र
11:46क्या होगा अब आईए आपको बताता हूं कि टुशा की पूरी कहानी है क्या टुशा की मौत कैसे हुई मौत
11:54पर सवाल क्यों खड़े हुए और जद रही सास और वकील रहे पती टुशा पर क्यों जुर्म उठाए थे
12:03इस सीसी टीवी कैमरे की घड़ी और तारीख दोनों गलत है लेकिन तस्वीर बिल्कुल सही है यह तस्वीर असल में
12:1012 मैं की रात 10 बचे के आसपास की है यह टुशा है इस घर की बहु टुशा के हाथ
12:16में काले रंग का एक हेटफोन है वही हेटफोन हाथ में लिए टुशा �
12:21इस वक्ठ चीढ़ी के रास्ते छट पर जा रही है जिंदा रहते यह टुशा की आखरी तस्वीर थी इसके करीब
12:30खंटे भर बाद टुशा की लाश इसी छट पर शायद इसी जगह इसी लिए कहरा हूं
12:40क्योंकि इस रस्टी से लटके होने की बात सिर्फ दो लोगों ने कही थी
12:44एक टूइशा के पती समर्ज सिंग और दूसरी जज रही टूइशा की सास गरिबाला सिंग
12:50इसके अलावा इस मामले का कोई और चश्मदीद नहीं है
12:54और ये दोनों चश्मदीद इसी तूइशा की मौत के आरोपी है
12:58चट पर जाते हुए तूइशा की ये तस्वीर पूरे देश ने देखी
13:02तूइशा की सास गरिबाला सिंग ने सीसी टीवी की ये तस्वीर खुद ही मीडिया को तो
13:07अब जाहिर है तब केस की जांच कर रही भोपाल पुलिस ने भी शर्टिया ये तस्वीर देखी होगी
13:13और इस तस्वीर में टुईशा के हाथ में ये हैटफोन भी देखा होगा
13:18अब हैटफोन में कोई राज हो या इस केस पर कोई रोशनी डाल सकी कहा नहीं जा सकता
13:23लेकिन चुकि आखरी वक्त में ये हैटफोन टूशा के पास था
13:27लेहाज़ा ये केस प्रॉपर्टी होने के साथ साथ एक एहम सबूत भी है
13:32जाहिर ऐसी केस प्रॉपर्टी ये सबूत जो मौक़ वारदाद यानी क्राइम सीन पर हो
13:38उसे अनारी पुलिस वाले भी अपने खब्से में ले लेते हैं
13:42लेकिन अब जो आपको बताने जा रहा है उसे सुनने और देखने के बाद आप भी कहेंगे
13:47कि अच्छा हुआ ये केस सीवी आई को सौप गया गया
13:51भोपाल पुलिस से ना हो पाता
13:56ये भोपाल के कटारा हिल्स पुलिस से स्टेशन में दर्ज
14:00उसी टुईशा केस की प्रोपर्टी सीजर मेमो यानी संपत्ती जबती पत्र है
14:05आमोवन किसी भी केस में पुलिस, क्राइम सी, प्लिडित, आरोपी ये चश्मदीदें से जो भी सामान बरामत करती है
14:12बाकाइदा लिखित में उसकी एंट्री होती है
14:15आगे चल कर यही चीज़ें कोट में पेश भी की जाती है
14:18टुईशा केस में भोपाल पुलिस ने किस इंतहा तक लापरवाही बरती
14:23उसका जीता जाकता सबूत
14:25ये प्रोपर्टी सीजर मेमो है
14:28इस मेमो की तारीख पर गोर कीजिएगा
14:32इस पर तारीख लिखी है 23 मेई 2026
14:35वक्त के कॉलम में आगे 20.41 यानि रात के आड़ बचकर 41 मिनट लिखे है
14:42इसी प्रोपर्टी सीजर मेमो में दो चीज़ें जब्त या बरामत किये जाने का जिक्र है
14:47इस में जिस दूसरी चीज़ को जब्त या बरामत करने का जिक्र है
14:51जानते हैं वो क्या है
14:52वही हिट फोन जो 12 मैं की रात च्छत पर जाते वक्त टूशा के हाथ में आखरी बात दिखा था
14:59अब ज़रा सोचिए टूशा की मौत 12 मैं की रात को हुई
15:03भोपाल पुलिस ने दावा किया था
15:05कि टूशा की मौत की खबर मिलते ही पुलिस टीम उसी रात टूशा के घर पहुँच गए
15:10क्राइम सीन का मौाइना किया
15:12सारी तफ्तीश अच्छे से की
15:14पर उसी भोपाल पुलिस का ये प्रोपर्टी सीजर मेमो ये बता रहा है
15:33को जब्त किया गया
15:34हाला कि भोपाल पुलिस की मासूमियत पर भी तरस आता है
15:38सीजर मेमो में वो ये भी लिख डालते है
15:41कि सोनी कंपनी का ब्लैक कलर हेटफोन
15:44मिर्तिका यानि टूशा अपने साथ लेकर उपर छट पर गई थी
15:48इतना ही नहीं इसी मेमो में इस बात का भी जिक्र है
15:51कि टूशा की मौट के 11 दिन बाद
15:54टूशा की साथ गिरिबाला सिंग से एक फोन भी जब्त किया गया
15:57गोल्डन पिंग कलर के इस मुबाइल से
16:00हाला कि सिम गायब था
16:03पर ये तो सिर्फ बानगी है
16:04भोपाल पुलिस के इसी प्रोपटी सीजर मेमो में
16:07एक चीज तो ऐसी लिखी है
16:09जिस पर कोट में मुकदमे के पहले ही दिन
16:11कोई भी वकील इनकी धज्जियां उडाती है
16:14अमोवन पुलिस क्राइम सीन से जब भी कोई चीज उठाती है
16:17जब्त करती है
16:18तो प्रोपटी सीजर मेमो में
16:20बाकाइदा उस पुलिस वाले का नाम
16:22जिसने इसे जब्त किया
16:24या जिसने जब्त करवाए उसका नाम
16:26और इससे जोड़े चश्मदीदों के नाम लिखे जाती है
16:29अब भोपाल पुलिस का कमाल देखे
16:31भोपाल पुलिस को टुईशा की मौत की खबर
16:34पहली बाद
16:3513 मैं की राद 12 बचकर 5 मिनट पर मिलती है
16:38यानि टुईशा की मौत के पूरे 2 घंटे बाद
16:41खबर मिलते ही पुलिस की टीम
16:43भोपाल के एम सस्पतार
16:45जहां टुईशा की लाश रखी थी
16:46और फिर टुईशा के खड़ जाती है
16:48खुद भोपाल पुलिस ने दावा किया था
16:51कि खबर मिलते ही पुलिस के साथ साथ
16:53एफसल की टीम ने सिर्फ मौके पर पहुँची
16:56बलकि छट पर भी गई जहां टुईशा की मौत ही थी
16:59अब जरा भोपाल पुलिस के
17:01इस तावे की सच्चाई देखे
17:02यह बोपाल पुलिस के उसी कटारा हिल्स थाने में दर्च
17:06प्रोपर्टी सीजर मेमो है
17:07इस मेमो में लिखा है कि
17:0913 माई की सुबा 9 बचकर 40 मिनट पर
17:12मकान के छट पर
17:13शेट के नीचे से फासी लगाने में
17:16इस्तमाल इलैस्टिक की लगधक
17:17एक इंच चोड़ी काली रंग की पट्टी
17:20जिसकी लंबाई 99 सेंटीमीटर
17:22दो इंच लगधक
17:23जिसकी दूसरी पट्टी करीब
17:2551 इंच की गोल पहिये में बदी दी
17:28जब्द लेकिन इस सीजर मेमो में
17:30कहीं ये नहीं लिखा है
17:46या इसके आगे जो भी नाम लिखें
17:47ये सब भोपाल पुलिस के नाम है
17:50अगर गृबाला सिंग ये समर सिंग के कहने पर
17:53प्लैस्टिक की रस्सी जब्द नहीं की गई
17:55और पुलिस वाले ने अपनी मर्जी से
17:57इसे जब्द किया तो सवाल ये है
17:59कि उन्हें कैसे पता
18:00कि मरते वक्त टुशा के गले में
18:02इलैस्टिक की यही रस्सी थी
18:04क्योंकि समर सिंग और गिर्बाला सिंग ने तो
18:07पुलिस को खबर करने से पहले ही
18:09लाश नीचे उतार ली थी
18:10गले का फंदा भी खोल दिया था
18:12इस सिजर मेमों से ये साफ हो गया
18:15कि टुशा की मौत के लगभग
18:16बारा घंटे बार पुलिस ने पहली बार
18:18वहां से कुछ जब्द किया था
18:20इन सब चक्रीमती बारा घंटों में
18:23क्राइम सीन को सील तक नहीं किया गया
18:25यानि कोई भी क्राइम सीन को
18:27असानी से अपने हिसाब से बदल सकता था
18:29सबूत गायब कर सकता था
18:31निशान मिटा सकता था
18:33ये गिरिबाला सिंग का घर है
18:35और ये उसी घर के छट की तस्वीर है
18:38जिस छट पर बारवें की रात
18:40टुशा की मौत हुई थी
18:41इस छट और यहां रखे सामान को
18:44देख कर ये साफ पता चलता है
18:46कि इस जगह को एक जिम के तौर पर भी
18:48इस्तमाल किया जाता था
18:49तस्वीर में आपको जमीन पर
18:52टुशा की चपल भी दिखाई देगी
18:54लेकिन इस तस्वीर की सबसे
18:56खास बात ये है कि इसमें
18:58इसमें इलैस्टिक का वो फंदा भी नजर आ रहा
19:00जिसके बारे में ये कहा जा रहा
19:02कि उसी फंदे से टुशा ने
19:04खुदकुशी की थी चट से नीचे
19:05रबर जैसे दिखने वाले रिंग के
19:08दो टायर आपको लटके हुए
19:10नजर आ रहे होंगे इन दोनों ही
19:12रिंग के साथ इलैस्टिक की दो रसीयां
19:14भी अभी लटकी हुई है
19:15बाई तरफ की रसी बिलकुल सीधी है
19:18और लगभग जमीन से टक्रा रही है
19:20लेकिन दाहिनी तरफ की इलैस्टिक की
19:22रसी सीधी नहीं है
19:23बलकि उसका एक सिरा छोटा और
19:26रेक सिरा बड़ा है इसे देखकर साफ पता चलता है कि दाहिनी तरफ वाले रिंग से ही लटकती इलैस्टिक की
19:32रसी का भंदा बना होगा तस्वीर में छक पर यह यू कहें कि इस क्राइम सीन पर दो लोग भी
19:38नज़र आ रहें तस्वीर से यह भी साफ है कि यह तस्वीर रात क
19:56को पुलिस जट पर इस क्राइम सीन पर पहुंची। जाहर पूचतार्ट में पुलिस को यह बताया गया होगा कि किस
20:02फंड़े से टूइशा को घरवालों ने उतारा था लेकिन पूरी रात बीद गई बारा घंटे निकल गया फिर भी पुलिस
20:10को यह खयाल ही नहीं आया कि ज
20:24तुईशा की मौत के बाद 13 माई को कहीं जाकर पुलिस फंदे नुमा इस सबूत को अपने साथ ले जाती
20:30है।
20:30क्या ये अन्जाने में हुई भोपाल पुलिस की गलती थी या जज रही गरिवाला सिंग का हौख।
20:43तुईशा की मौत कतल थी या खुदकुशी इसे लेकर शुरू में तमाम सवाल उठे थे खासतोर पर क्राइम सीन को
20:50लेकर भोपाल पुलिस ते जिस तरह लापरवाही बढ़ दी और फिर जज रही सास गरिवाला सिंग को जिस तरह अगरिम
20:58जमानत दे दी गई उससे शक और भ
21:05पड़ा ये एक पुतला है इसे आप डमी भी कह सकते हैं ये डमी कुल तीन टुकड़ों में और हर
21:13टुकड़ा कार से निकाले जाने के बार एक एक शक्स इसे उठाकर अपने साथ ले जा रहा है उसी घर
21:20में जिस घर में तुईशा की 12 मैं को मौत हुई थी
21:25पुतले के तीन टुकड़ों में पहला सिर और धड़ है उसके पीछे जो शक्स है उसके हाथ में दोनों हाथ
21:31है और उसके पीछे जो शक्स है उसके पास इस पुतले के दोनों पैर
21:39ये वजन तोलने वाला मशीन है
21:41इसे वेइंग मशीन भी कहते है
21:43जब पुतले के तीनों टुकडे आपस में मिला लिये जाएंगे
21:46तब उस पुतले का वजन लिया जाएगा
21:48इसी वेइंग मशीन से
21:52पुतले का वजन ठीक उतना ही होना चाहिए
21:54जितना तुईशा का वज़न था
21:56ये वज़न घटाने या बढ़ाने के लिए
21:59इस्तेमाल होने वाला weight plates है
22:01इसमें हर तरह के weight plates है
22:032 kg, 5 kg, 10 kg, 20 kg
22:06अगर पुतले का वज़न कम ज्यादा होगा
22:09तो इसी weight plates से
22:10उसके weight को पूरा 80 kg किया जाएगा
22:15तो मा बेटे यानि गिरवाला सिंग और समर सिंग घर के अंदर पहुँच चुके हैं
22:19डमी यानि पुतला, वेइंग मशीन, weight plates
22:22ये सब भी घर के अंदर पहुचाय जा चुके हैं
22:25CBI की थी, खासकर फोरेंसिक टीम भी अब घर के अंदर जा चुकी है
22:43घर के अंदर दाखिल होने के बाद पुतला समेथ, सारा साजो सामान
22:48CBI की टीम, फोरेंसिक टीम, अब सभी पूर्विजद साहिबा
22:52गरिवाला सिंग के घर के इसी च्छत पर इखटा हो चते हैं
22:56CBI की टीम के बीच, बस आपको ये दो चेहरे अलग नज़र आएंगे
23:01और ये दो चेहरे हैं, टुईशा के पती समर्ज सिंग और टुईशा की सास गरिवाला सिंग
23:08अब सवाल यह है कि CBI की इस टीम के भी छत पर इस वक्त समर सिंग और गिरिबाला सिंग
23:13क्या कर रहे हैं
23:14तो बस यू समझ लीजे कि जिस रीक्रियेशन ये डमी ट्रायल के लिए CBI के टीम यहां पहुँची है
23:20वो समर सिंग और गिरिबाला सिंग के बिना मुम्किन ही नहीं
23:24क्योंकि समर सिंग और गिरिबाला सिंग ही वो पहले दो शक्स थे
23:28जिसने अपनी बीवी और पहु को बारा मै की रात इसी छत पर ठीक इसी जगा फंदे से लटका देखा
23:35था
23:35वो समर्द सिंग और गिर्बाला सिंग ही थे जो ये बता सकते थे कि फंदा कैसे कसा था
23:41गांठ गर्दन के किस तरफ थी पैर जमीन से कितना उपर या नीचे था
23:46फंदे और गांठ के बीच चेहरे का रुख क्या था
23:50समर्द सिंग अगर पहला चश्मदीद था तो दूसरी चश्मदीद थी समर्द की मां यानी टुईशा की सास गिर्बाला सिंग
23:57क्योंकि वो गिर्बाला सिंग ही थी जिसने 12 माई की रात टुईशा की गले का फंदा खोला था
24:02पर पहले समर्थ सिंग की बारी थी जो कि छट पर सबसे पहले वही गया था अब छट पर ट्रायल
24:08शुरू होता है
24:09सबसे पहले सीबियाई और फॉरेंसिक टीम टायर जैसी उसे रिंग पर इलैस्टिक का ठीक वैसा ही एक बेल्ट बान दी
24:17है
24:19बेल्ट कसा जा चुका था क्राइम सीन पर समत मौझूद है
24:23सीबियाई की टीम बाकाइदा बेल्ट का फंदा बनाने के बाद उस फंदे की गांट या रसी की हाइट सब कुछ
24:29उसी के हिसाब से रिकिरियेट कर रही थी
24:32जब समर सिंग ने फंदे के बारे में अपनी फाइनल राय दे थी उसी के बाद ट्राइल का पहला फेज
24:38पूरा हो गया
24:39अब बारी सबसे एहम ट्राइल की थी
24:43थोड़ी देर पहले जिस पुतले या ड्मी को आपने तीन टुकडों में देखा था अब वो तयार हो चुका था
24:49सबी टुकडों को जोड़ कर बाकाइदा उसे ट्विशा के वजन और हाइट के बराबर बनाकर उस पुतले को काले रंग
24:56की वेस्ट पहनाई थी
24:57अब इस ड्मी को छट पर लगे उसी रिंग से लटकते इलैस्टिक के बेल्ड के फंदे से गले को कसना
25:04था
25:04शायद टुशा के गले में जो फंदा कसा था उसकी गांठ बाई तरफ थी
25:08क्योंकि सीबियाई की टीम ने समर्थ से पूच कर ड्मी के गले में गांठ बाई तरफ ही कसी थी
25:19अब फंदा बिल्कुल तयार हो चुका है जिस जगा और जैसे टुशा की लाश पहली बार फंदे से छूलते हुए
25:26माँ बेटे ने देखी थी
25:27उसी हिसाब से ड्मी को लटकाया गया पूर्विजद साहिबा ग्रिबाला सिंग और उसके बेटे समर्थ सिंग से बातचीत के बाद
25:35अब आखरी ट्रायल पूरा करना था
25:39ये ट्रायल ये था कि अब टुशा फंदे से जूल चुकी है थोड़ी देर बाद उसका पती समर्थ और सास
25:46घिरबाला से छत पर आती है और पहली बार दोनों टुशा को फंदे से छूलते हुए देखती है जैसा कि
25:52दोनों ने सीबियाई को अपने बयान में कहा था
25:56जवीश पाल से भोपाल आज तक
26:01तो वारदात में फ्लाल इतना ही मगर देश और दुनिया की बाकी खपरों के लिए आप देखते रही आज तक
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