00:06पंजाब विधान सभा ने E20 पेट्रोल के खिलाफ प्रस्ताव पास कर दिया है सरकार का तर्क है गाड़ियों की कंपाटिबिलिटी
00:15माइलेज और कुंजूमर्स की चंता लेकिन सवाल दूसरा है क्या E20 सिर्फ और सिर्फ पेट्रोल की कहानी है
00:23सवाल इसलिए भी लाजमी है क्योंकि पंजाब के खेतों में इसकी कहानी मक्का, गन्ना, क्रॉप डाइवर्सिफिकेशन और किसान की आमदनी
00:34से भी जोट चुकी है
00:39चार अगस्त को पंजाब विधान सभा ने केंद्र की मैंदेटरी E20 पॉलिसी पर सवाल उठाते हुए रेजिलूशन पास किया
00:46प्रस्ताव में उन वाहनों को लेकर चिंता जताए गई जो E20 के लिए डिजाइन या सर्टिफाइड नहीं है
00:53पंजाब सरकार ने वहिकल कंपाटिबिलिटी और कंजूमर चॉइस का सवाल उठाया है
00:59लेकिन E20 को समझाने के लिए थोड़ा पीछे जाना होगा
01:04भारत में एथनॉल ब्लेंडिंग की शुरुआत आज की सरकार से नहीं हुई
01:13UBA1 के समय में साल 2006 से 5 प्रतिशत एथनॉल ब्लेंडिंग किया जा रहा है
01:192018 की बायो फ्यूल्स पॉलिसी में 20 प्रतिशत ब्लेंडिंग का लक्ष 2030 रखा गया था
01:27लेकिन इस लक्ष को समय से पहले ही यानिकी 2026 तक प्राप्त कर लिया गया
01:34भारत ने 2026 में और सतन 20 प्रतिशत ब्लेंडिंग हासिल कर ली
01:40ये लक्ष कोई आनन फानन में नहीं हासिल किया गया
01:43बलकि इसके लिए सरकार ने आटो मूबील निर्माता कंपनियों के सहयोग से तयारियां की
01:48और ये सुनिश्चित किया गया कि एप्रिल 2023 के बाद आने वाली सभी वाहन E-20 कंप्लायंट हो
02:00पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार ने प्रस्थाव में जिन चिनताओं को प्रकट किया है वो इसका एक पक्ष हो
02:07सकता है
02:08हाला कि केंद्र की सरकार ने उस पर लोगसभा में अपना पक्ष रख दिया है केंद्र सरकार का कहना है
02:15कि E-20 के लिए कालिबरेटिड वहेकर्स में
02:18efficiency impact सीमत है और बड़े पेमाने पर इस्तेमाल के बावजूद widespread engine failure का verified evidence नहीं मिला है
02:28लेकिन इस सवाल का दूसरा पक्ष जिसे मान सरकार आसानी से भूल रही है वो है किसान पंजाब लंबे समय
02:38से धान के पानी खपत वाले चक्र से बाहर निकलने के लिए crop diversification की कोशिश कर रहा है
02:45और यहीं ethanol का नया market बन कर सामने आया
02:49हालिया reporting में पंजाब के किसानों और rice millers ने कहा कि ethanol plant से मिलने वाले maze demand ने
02:57किसानों को मक्का की तरफ जाने का भरोसा दिया
03:01ऐसे में पंजाब सरकार के इस कदम पर पंजाब में ही सवाल उठने लगे हैं
03:06ethanol blending जब पिछले दो दश्कों से चली आ रही है तो आप सरकार ने इसके खिलाफ प्रस्ताव अभी क्यों
03:14पारित किया
03:15क्या ethanol उत्पादन से किसानों को होने वाले फायदे के बारे में कोई विचार नहीं किया
03:21पंजाब सरकार के इस अदूर दर्शी कदम के बाद अमरिच सर के किसानों और मिलर्स की हालिया प्रतीक्रियाओं में यही
03:29जंता सामने आई है
03:30अगर ethanol प्रोग्राम धीमा पड़ता है तो मक्का की डिमांड और प्राइसेस पर दबाव आ सकता है
03:42अमरिच सर से आड़तियों ने ये जंता जदाई है कि अगर ethanol डिमांड कमजोर हुई तो मक्का की कीमत करीब
03:492100-2200 रुपे प्रतिक क्विंटल से गिर कर लगभग 1500 रुपे तक जा सकती है
03:55सवाल सिर्फ मूल्यों का नहीं है बलकि फसल विविधता का भी है
04:00अगर किसानों को अत्याधिक पानी की जरूरत वाले धान की फसल से हट कर मक्का की तरफ ले जाना है
04:08तो उसके लिए क्या एक स्टेबल मार्केट जरूरत नहीं है
04:11यहीं से E20 की बहस एकोनॉमिक से पॉलिटिक्स में प्रवेश करती है
04:16आपने E20 को कंजूमर राइट्स और वहिकल ओनर्स के मुद्दे के तौर पर उठाया है
04:22लेकिन सूबे के सियासत को करीब से देखने वालों का कहना है
04:26कि पंजाब जैसे अग्रिकाल्ट्रिल स्टेट में पॉलिसी डिबेट का दूसरा पक्ष मक्का किसान
04:32डिस्टिलरीज और रूरल मारकेट भी उतना ही गंभीर विशय है
04:37इस गड़ी में सबसे बड़ा सवाल यही है
04:40कि क्या पंजाब के किसान के हितों की चंता को किनारे रखते हुए
04:45आप सरकार का E20 विरोध केवल बाहनों के रख रखाव
04:50या उब भोकताओं की पसंद के आधार पर है
04:53या किसी दीगर सियासी चाल से प्रेरित है
04:57E20 को लेकर वहेकर गंपाटिबिलिटी और माइलज पर सवाल वास्तविक पब्लिक डिबेट का हिस्सा है
05:03लेकिन तस्वीर का दूसरा हिस्सा भी उतना ही जरूरी है
05:08पंजाब जैसे ख्रिशी पर आधारित अर्थ विबस्था में एथनॉल प्लांट के लिए फसलों की खरीद के कारण
05:15एकधान, मक्का, गन्ना जैसे अनेक फसलों पर नियूंतम समर्थन, मूल्यो और निशित आई की विकल्प पर क्यों विचार नहीं किया
05:25गया
05:25इस प्रस्ताफ से पहले पंजाब के किसानों, आर्थियों और मील मालकों की राए भी ली गए गया
05:32यहीं से ये रेजिलूशन, विधाई कम और सियासी जादा लगता है
05:37राजनीतिक आलोचुकों का मानना है कि पंजाब की मान सरकार ने आम आदमी पार्थी की चिर परिचित, ड्रामे बास, केंद्र
05:45विरोधी रणनीती के कारण ये प्रस्ताफ पास कराया है
05:49राजनीतिक पंडित अपने तर्क के पक्ष में कहते हैं कि एक तरफ आम आदमी पार्टी के राश्चिय संयोजक अर्विंद केजरिवाल
05:57पीम आवास तक E20 विरोध मार्च का नेत्रित्व कर रहे थे
06:02दूसरी तरफ पंजाब विधान सभा में मुख्य मंत्री भगवन्त मान E20 का मजाक उड़ा रहे थे और उनके वित्य मंत्री
06:11हरपाल सिंग चीमा E20 विरोधी प्रस्ताफ पेश कर रहे थे
06:15मतलब साफ है मान सरकार की चिंता राज के किसानों के हित नहीं पार्टी की वफदारी है पंजाब की असी
06:24चनौती E20 से कहीं बड़ी है राज को धान से बाहर निकलना है किसानों को और तरनेटिव क्रॉप्स चाहिए और
06:34रूरल एकॉनमी को ऐसी पॉलिसी चाहिए जिसमें क
06:39किसान, कंजूमर और इंडस्ट्री तीनों की आवाज हो.
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