00:09भारत में आज परिवहन के एक नय युक की शुरवात पूछ चुकी है।
00:33प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश की पहली हाइड्रोजन इंहन से चलने वाली ट्रेन को हरी जंडी दिखाकर रवान किया है।
01:00चलिए अब समझ लेते हैं कि ये ट्रेन चलती कैसे है, इसमें सफर करने के माईनी क्या है और हमारे
01:06भविशक हो ये ट्रेन आखिर बदल कैसे पाएगी।
01:09जब हम ट्रेनों की बात करते हैं तो हमारे दिमाग में या तो भारी भरकम डीजल इंजन आते हैं या
01:15फिर उपर लगे बिजली के तारों से दोड़ती गाड़िया।
01:18बीजल से चलने वाले इंजन हवा में भारी मात्रा में कारबन डायाकसाइड और अन्या हानिकारक गया से छोटते हैं जिससे
01:24वायो प्रदूशन और ग्लोबल वार्मिंग बढ़ती हैं वहीं पर बिजली से चलने वाली ट्रेनें सीखे तोर पर प्रदूशन तो नहीं
01:30करती �
01:31लेकिन भारत में आज भी ज्यादतर बिजली कोईले को जला कर कोईले से ही बनाए जाती है यानि की घुमा
01:37फिरागर परेवरण पर दबाब बना रहता है अब यहीं पर एंट्री होती है हाइड्रोजन ट्रेन की ये ट्रेन पूरी तरह
01:44से स्वच्व तक्नीक पर काम करती है �
01:46इसके इंचन के फीतर हाइड्रोजन कैस और हवा में मौझूद ऑक्सिजन की बीट्रेकरसाइन एक प्रतिक्रिया होती है इस प्रक्रिया से
01:53भारी मात्रा में बिजली पैदा होती है जिस्टे ट्रेन की मोटरें चलती है अब सबसे खास बात सबसे मज़िदार बात
02:00यह है कि �
02:01इस पूरी प्रक्रिया के बाद भी कच्रे के रूप में कोई जहरी लाग धुआ नहीं निकलता है बलके सिर्फ साफ
02:07पानी की बूंदें और भाप बाहर आती है अब इसी बचह से इससे शोन्या प्रदूशन वाला इंधन कहा गया यह
02:14भारत के लिए गर्व की ही बात है कि ब
02:31पूचे सरसे होंगे जिसमें कि आप और हम सफर कर पाएंगे इसके कुलक्षमता 2400 किलोवाट की है स्ट्रेन को चलाने
02:38के लिए जिन में एक विशिश हाइडूजन स्टोरेज और रिफ्यूलिंग स्टेशन तयार किया गया जहां बेहर सुरक्षत तरीके से कंप्रेस्ट
02:46हा�
02:55अब बात करते हैं उस सफर की जो कि अब हकीकत बन चुका है यह ट्रेन हरियाना के जेन से
03:02सोनिपत के बीच लगबग 90 किलोमेटर की दूरी तै करेगी सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि इसका किराया
03:09जहां अजकल एक प्लैटफॉर्म टिकट की कीमत 10 रुपए की होती है
03:17बात करेंगे तो यह महज 5 रुपए रखा गया यानि एक स्टेशन से अगले स्टॉपेश अब जाने के लिए आपको
03:23सर्फ 5 रुपए खर्च करने हैं आपको 5 रुपए देने होंगे अगर आप जीन से लेकर सोनिपत का अपना सफर
03:30पूरा करते हैं तो आपको अधिक्तम 25 �
03:32रुपए की टिकट लेनी होगी यह रूट कुल 6 स्टेशनों को आपस में जूडेगा जो की करीब एक घंटे में
03:38अपना सफर पूरा करेगा शुरुआत में सुरक्षा और जांच के लिहाज से इस सिर्फ 75 किलोमीटर पति घंटी की रफटार
03:44से चलाया जाना है लेकिन आने �
03:46वाले वक्त में आने वाले समय पर इसे 110 से 140 किलोमीटर पति घंटे की रफटार मिलने वाली है इस
03:54ट्रेइन में एक बार में करीब 2500 सफर कर पाएंगे कई लोगों के मन में यह सवाल उठ सकता है
03:58कि देश की इतनी बड़ी और पहली तकनीक के परीक्षण के लिके जीन सोनी प
04:14परीक्षण उन रास्तों पर करना चाहता है जहां भविश्य में विजली के खंबे और ओवर हेट तार विछाना बेहद मुश्किल
04:22या फिर बहुत खर्चीला होगा जैसे पहाड़ी या दूर गराज के लाके इसके लावा जीन में पहले से ही हाईडोजन
04:28उत्पादन का प्
04:42रहता सुरक्षण को लेकर अकसर लोग के मन में ये डर होता है कि हाईडोजन एक बेहद ज्वलंशील गैस है
04:48तो क्या इसमें सफर करना सुरक्षट है क्या इस ट्रेन को आप सुरक्षट मान सकते हैं भारती रेलवे ने इसके
04:54लिए सुरक्षण के बेहद कड़े और आदुन
05:12अगर आप रीफ्यूलिंग देख रहे हैं या फिर आप सफर भी कर रहे हैं और इस तरह का सेंसर काम
05:17करता है जहां पर गैस के रिसाप की बात सामने आती है तो ट्रेन तुरंत रुख जाएगी और रीफ्यूलिंग हो
05:23रही है तो रीफ्यूलिंग की प्रक्रिया भी रूप द
05:26जाएगी इन उपकरणों पर धूलना जमें और यह हमेशा सही काम कर लिए इस काम के लिए ही रोजाना इनकी
05:32सफाई और जांच की जाएगी पूर एटी फ्योलिंग सुस्टम की 24 घंटे लाइब मॉनेटरिंग होंगी इतना ही नहीं शुरुआती दौर
05:39में याद्मियों के सा�
05:50अरिजहंटी मिल चुकी है और इसी लिए यह ट्रेन अब अरिजहंटी पाकर निकल चली है अपने गंतव्य के लिए इस
05:58पूरे प्रोजेक्ट को हकीकत में बदलने के लिए सरकार ने दिल खोल कर निवेश किया रेल मंत्राले ने बजट में
06:03हाईडूचन ट्रेन परियोजना
06:18पेश कर रही है इसके साधी मौझूदा डीजल इंजिनों की हाईडूजन ट्रेनों में बदलने के लिए 111.83 करोड रोपै
06:25का एक अलग पाइलेट प्रोजेक्ट चल रहा है अना कि शुरुआत्य में अब इस तकनीक हो चलाने का खर्च थोड़ा
06:31ज्यादा आ रहा है क्योंक
06:33लेकिन जैसे जैसे देश में हाईडूजन ट्रेनों की संख्या बढ़ेगी और इंफ्रेस्टेक्चर मजबूत होगा वैसे वैसे इसका परिचालन फर्च भी
06:40सामान्य होगा ट्रेनों जैसा या फिर उससे भी कम होने के अनुमान है अब ये ट्रेन सिर्फ एक शुरुआत है
06:47असले फिल्म तो अभी बांकी है इसे ट्रेलर ही समझे भारती रेलवे हाईडूजन पॉर हाईटीज नाम की एक बड़े मिशन
06:53पर काम कर रहा है जसके तहत देश के बेहत खूपसूरत पहाड़ी और अधिहासिक रेलमार्गो जैसे की कालका शिमला दरजलेंग
07:01हिमालियन र
07:02और रेलवे ऐसे हैं जो की हिल स्टेशन रेलवेज हैं उस पर कुल 35 हाईडूजन प्रेन चलाने की यूजना है
07:09और समझे दन शील प्रागितने के लाकों में डीजल इंजन की धूमे से पर्यवरण को बहुत नुकसान पहुंचता है जब
07:16इन वादियों में बिना आवाज औ
07:19तो वहां का प्रेवरण को नुकसान पहुंचाए बिना टिकाओ परेटन को बढ़ावा मिलेगा अब एक अनुमान के मुताविक ही हाईडोजन
07:28ट्रेन को बनाने में करीब 80 करोड रुपई की लागाताती है जबकि इसके लिए रूट पर गुनिया दिठाचा तयार करने
07:34में
07:3570 करोड रुपई का अतिरिक तकार चुकता है देखा जाए तो हाईडोजन सिर्फ एक नया इंधन नहीं है बलकि ये
07:41हमारे आने वाले भविश्य के लिए एक उप्युक का मज़रिया बन सकता है कल का भविश्य है आज भारत दुनिया
07:47के उन चुनिंदा देशों में उनकी कत
07:49कार में खड़ा हो चुका है जहां पर हाईडोजन चलती है जैसे कि जर्मनी और ची यह प्रोजेक्ट भारत को
07:55आत्मने भर बनाने और 207 तक नेट जीरो यानि की पूरी तरह से कारवन मुक्त देश बनाने के संकल हो
08:02पूरा करने में मील का पंथर साबित होगा जिन सोनिपत क
08:17कैसे देख रहे हैं यह ट्रेन आपको कितना त्रभावित कर रही है क्या आप भी सफर करना चाहते हैं कर
08:22चुके हैं यह आगे करने का मन बना रहे हैं तो कोई और सवाल भी है तो वह सवाल भी
08:28आप को में जोड़ सकते हैं हम उसका जवाब जरूर देंगे एक सेपरेट वीड
08:46और लुब ब्यरी करते हैं लगक नानो ट्ली साफ़ी करैंडक लोक भीन
Comments